स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

Priyanka Gandhi Mission 2022-अब तय होगी जिम्मेदारी और जबाबदेही

Ajay Chaturvedi

Publish: Oct 22, 2019 12:43 PM | Updated: Oct 22, 2019 12:43 PM

Varanasi

Priyanka Gandhi Mission 2022- यूपी फतह की रणनीति तय
-सूबे के कांग्रेसियों को प्रियंका देंगी टिप्स
-अब यूपी में सड़क पर उतरकर संघर्ष करेगी पार्टी

वाराणसी. लोकसभा चुनाव में करारी शिकस्त के बाद से लगातार पार्टी को फिर से खड़ा करने की मशक्कत कर रही कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी का यह चरण अब लगभग पूरा हो गया है। प्रदेश कमेटी घोषित हो चुकी है। 48 जिला और 3 शहर अध्यक्षो की घोषणा हो चुकी है। शेष जिला और शहर अध्यक्षों की तैनाती के मुद्दे भी तकरीबन फाइनल हो गए हैं। ऐसे में अब प्रियंका गांधी नई टीम के साथ दीपावली बाद से एक साथ पूरे प्रदेश में उतरने को तैयार हैं। इसके लिए उन्होंने रणनीति तय कर ली है। लगभग सारे मसौदे तैयार हैं। इस रणनीति को आपस में शेयर करने का काम आगामी तीन दिन में पूरा हो जाएगा। उसके बाद जिला और शहर में शुरू हो जाएगा Priyanka Gandhi Mission 2022. कहा जा रहा है कि इसके तहत अब जिम्मेदारों की जिम्मेदारी और जवाबदेही तय होगी। किसी तरह की बहानेबाजी नहीं चलने पाएगी।

बता दें कि प्रियंका ने टीम यूपी तैयार करने के लिए तकरीबन 5 महीने तक दिन-रात एक कर दिया। जहां तक संभव था उन्होंने हर उस शख्स से फीडबैक लिया जिससे उन्हें लगा कि पार्टी को पुनः यूपी में खड़ा किया जा सकता है। जुझारू बनाया जा सकता है, तेवर पैदा किया जा सकता है। इसके तहत उन्होंने युवा जोश के साथ अनुभवी होश को भी जोड़ा है। जुलाई से लेकर अब तक कई चक्र मीटिंग हुई। अब वो सारी प्रक्रिया पूरी हो गई है।

इसके बाद ही उन्होने टीम यूपी को रायबरेली में आमंत्रित कर लिया है। यहां तीन दिनों तक मिशन 2022 पर चर्चा होगी। कार्ययोजना तय की जाएगी। जिम्मेदारियां तय की जाएंगी और सभी जवाबदेही के लिए तैयार रहने का संदेश भी दिया जाएगा। इन तीन दिनों तक नवोदित यूपी कांग्रेस के सभी पदाधिकारियों को खुद प्रियंका गांधी अपनी रणनीति से वाकिफ करेंगी। इसमें प्रियंका की सलाहकार परिषद के सदस्यों भी अपनी राय रखेंगे।

वैसे माना यह जा रहा है कि यह एक तरह का प्रशिक्षण शिविर होगा जिसमें नई टीम के सभी सदस्यों को कांग्रेस की रीति-नीति से वाकिफ किया जाएगा। रोड मैप तैयार किया जाएगा। साथ ही पार्टी को जमीनी संगठन बनाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। संगठन निर्माण की रणनीति तय होगी कि संगठन को कैसे पूरे सूबे में मजबूत किया जाए।

कार्यशाला में उपस्थित पदाधिकारियों की जिम्मेदारी और जबाबदेही तय होगी। नई कमेटी के हर सदस्य को एक विशेष जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। जिसपर पदाधिकारी को रोजाना अपनी रिपोर्ट देना होगा। इसके साथ एक फीडबैक सिस्टम भी बनाया जाएगा जो समय समय पर रिपोर्ट और सिफारिश देगा।

सूत्रों की माने तो कांग्रेस इस प्रशिक्षण कार्यशाला में आगामी रणनीतियों पर मंथन होगा। साथ ही साथ मजबूत संगठन बनाने की भी रूपरेखा तैयार की जाएगी।

नई कमेटी के पदाधिकारी वैचारिक प्रशिक्षण के साथ साथ लोगों से संपर्क और संचार का हुनर भी सीखेंगे। प्रशिक्षण शिविर में संस्कृति और दर्शन पर भी चर्चा होगी।