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DM Varanasi की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई, 3 हजार कर्मियों पर गिरी गाज

Ajay Chaturvedi

Publish: Sep 17, 2019 12:21 PM | Updated: Sep 17, 2019 12:21 PM

Varanasi

DM Varanasi की इस दंडात्मक कार्रवाई से इन तीन हजार कर्मचारियों को नहीं मिलेगा वेतन

वाराणसी. DM Varanasi सुरेंद्र सिंह ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन हजार कर्मचारियों को गंभीर दंड दिया है। इन कर्मचारियों का वेतन तो कटेगा ही इन सभी की नौकरी पर भी संकट के बादल मंडराने लगे हैं। इससे पूरे महकमे में हड़कंप मचा है।

बता दें कि डीएम वाराणसी ऐसी दंडात्मक कार्रवाई के लिए विख्यात हैं। कई ऐसे मौके आए जब उन्होंने मातहतों की लापरवाही को निशाना बनाया और कड़ी कार्रवाई की। लेकिन यह अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई है जिसके तहत 2920 कर्मचारियों का वेतन रोक दिया गया है।

दरअसल इन दिनों लोकसभा और विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र की मतदाता सूची का पुनरीक्षण अभियान चल रहा है। एक सितंबर से शुरू इस अभियान के पहले ही डीएम ने सभी को सचेत कर दिया था कि किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बताया था कि इस बार घर-घर जा कर यह सत्यापित करना है कि कौन वहां रह रहा है, किसने मकान बदल दिया है, कौन शहर छोड़ कर चला गया है। किसकी मृत्यु हो गई है। इन सबके आधार पर ऐसे लोगों का नाम मतदाता सूची से बाहर करना है। डीएम का मानना है कि ऐसे नामों के कारण ही ओवरऑल मतदान प्रतिशत में गिरवाट दिखती है। यानी यह अभियान बोगस नामों को मतदाता सूची से बाहर करने के लिए है।

बता दें कि दरअसल इस बार के लोकसभा चुनाव में 2014 की तुलना में मतदान प्रतिशत गिरा था। इस बाबत डीएम का कहना है कि मतदान प्रतिशत गिरा नहीं था, बल्कि ऐसे बोगस नामों के चलते ही औसत निकालने पर मतदान प्रतिशत में गिरावट दिखी थी लिहाजा ऐसे नामों को सूची से बाहर करना अनिवार्य है।

डीएम के निर्देश के बावजूद मतदाता पुनरीक्षण अभियान में लगे कर्मचारियों ने लापरवाही की। इसकी जानकारी होने पर उन्होंने सख्त कदम उठाया। उन्होने ईआरओ को सख्त निर्देश दिया है कि किसी भी सूरत में इन 2920 कर्मचारियों का वेतन पास नहीं होना चाहिए।

डीएम सुरेंद्र सिंह ने यह भी निर्देश दिये कि प्रत्येक बीएलओ 18 सितंबर तक कम से कम 300 मतदाताओं का सत्यापन कर मतदाता पंजीकरण केंद्र पर अभिलेख जमा करना करें। नियत समय तक सत्यापन कार्य न करने वाले बीएलओ के विरूद्ध विभागीय कार्रवआई की जाएगी। सत्यापन रिपोर्ट जमा करने के साथ ही अपने मतदेय स्थल के भवन की अद्यतन स्थिति की भी सूचना उपलब्ध कराना सुनिश्चित करेंगे।