स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

इस पुलिया से वाहन निकालने पर अधिकारियों ने लगा दी रोक

Mukesh Malavat

Publish: Sep 20, 2019 08:03 AM | Updated: Sep 20, 2019 00:39 AM

Ujjain

अनुविभागीय अधिकारी ने निरीक्षण कर ली बैठक

नागदा. बीते दिनों से लगातार जारी बारिश के चलते क्षतिग्रस्त हुई शहर की तीन पुलियाओं के निर्माण को लेकर प्रशासनिक अमला हरकत में आया। गुुरुवार को प्रशासन का अमला मौके पर पहुंचा और क्षतिग्रस्त पुलिया का निरीक्षण कर अधिकारियों को निर्देश दिए। पुलिया व पुल की स्थिति देख अनुविभागीय अधिकारीआरपी वर्मा ने आनन-फानन में एक बैठक आहुत कर अधिकारियों को क्षतिग्रस्त पुलिया के स्थान पर नवीन पुलिया का निर्माण शुरू करने के दिशा निर्देश दिए है।
बैठक के दौरान राजस्व, पुलिस, नपा, लोक निर्माण विभाग, कृषि उपज मंडी व विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में चर्चा के दौरान मंडी आने वाले वाहनों को लेकर कई निर्णय लिए गए। चंबल नदी पर नवरात्रि विसर्जन व शहर की यातायात व्यवस्था को लेकर भी चर्चा की। बैठक में अनुविभागीय अधिकारी ने यह भी निर्देश दिए है कि यदि पुलिया के निर्माण कार्य में अब लापरवाही पाई गई तो नगर पालिका अधिकारियों पर कार्रवाई कि जाएगी। बैठक में अधिकारियों को निर्देशित करने के दौरान नगर पुलिस अधीक्षक मनोज रत्नाकर, तहसीलदार अनिरुद्ध मिश्रा, कृषि उपज मंडी सचिव बीएल चौधरी, विद्युत वितरण कंपनी की संभागीय अभियंता नेहा शुक्ला, नपा इंजीनियर शाहिद मिर्जा, आबिद अली, लोक निर्माण विभाग के उपयंत्री अरुण दुबे, थाना प्रभारी श्यामचंद्र शर्मा, मंडी व्यापारी संघ अध्यक्ष मदनलाल आदि मौजूद थे।
चंबल नदी स्थित छोटे पुल पर पड़ गई दरारें
दरअसल बीते दिनों शहर में लगातार बारिश का दौर जारी था। तेज बारिश के चलते शहर में दशहरा मैदान चेतनपुरा स्थित पुलिया डूब गई थी, जिसके चलते मार्ग बाधित हो गया था। बारिश का पानी उतरने के बाद पुलिया बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई थी, जिसके चलते भारी वाहन कृषि उपज मंडी बाधित हो गया। इसी प्रकार बारिश के चलते चंबल नदी पर स्थित छोटे पुल पर दरार पड़ गई थी। इन दोनों स्थान को लेकर प्रशासन का अमला मौके पर पहुंचा और निरीक्षण किया। यह दोनों स्थान प्रमुख है। नपा की लापरवाही उजागर क्षतिग्रस्त हो चुकी पुलिया को लेकर प्रशासन के समक्ष परेशानी खड़ी हो गई है, साथ ही नगर पालिका की लापरवाही उजागर हुई है। गौरतलब है कि नपा ने पुलिया निर्माण के लिए सितंबर 2018 में टेंडर जारी कर वर्क आर्डर दे दिया था, लेकिन ठेकेदार द्वारा समय पर कार्य प्रारंभ नहीं किया गया। नपा ने भी ठेकेदार पर दबाव नहीं बनाया और ना ही कोई कार्रवाई की।