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पैंथर का खौफ

Surendra Singh Rao

Publish: Sep 21, 2019 02:14 AM | Updated: Sep 21, 2019 02:14 AM

Udaipur

(Villagers stroll)

ग्रामीणों की उड़ी नींद

उदयपुर. फलासिया . पानरवा में वन्यजीव अभयारण्य के पास अम्बासा गांव में 5 दिनों में पांच पशुओं का शिकार करने के बाद से अम्बासा के ग्रामीणों में खौफ है। वनविभाग के साथ ग्रामीण भी रात को जतन कर पैंथर के मूवमेन्ट को बदलने में मदद कर रहे हंै। ग्रामीण गश्त के साथ घर के आस पास रात के समय आग लगाकर रख रहे हंै। वही पशुओं को घर में सुरक्षित जगह रख रहे हैं। बच्चों को 6 बजे बाद घर के बाहर नहीं निकलने दिया जा रहा ।
मादा पैन्थर दो बच्चे भी है साथ

लगातार अम्बासा गांव मे पशुओं के शिकार के बाद वन विभाग की टीम अलर्ट हो गई है । क्षेत्रीय वन संरक्षक लालसिंह सिसोदिया ने बताया कि पैन्थर के मूवमेन्ट की लगातार जांच की जा रही है। पगमार्क के आधार पर पता चला है कि बस्ती में घुसकर पशुओ का शिकार करने वाला मादा पैन्थर है, जिसके साथ दो शावक भी है। उन्होंने बताया कि ग्रामीणों के सहयोग से उसका मूवमेन्ट बदलने का प्रयास कर रहे हैं।

गश्त जारी

पैन्थर मादा है। उसके साथ 2 शावक भी है। शुक्रवार को कोई घटना नहीं हुई है। ग्रामीणों के सहयोग से रात दिन गश्त जारी है । जल्द पैन्थर का मूवमेन्ट नहीं बदला तो हम पिंजरा डाल उसे पकड़ कर अन्य जगह छोड़ेंगे। सम्भवतया मादा पैन्थर बच्चों की भूख मिटाने के लिए शिकार की तलाश में बस्ती की तरफ रुख करने लगी है ।

लालसिंह सिसोदिया, वन संरक्षक, वन्यजीव अभयारण्य पानरवा