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अधिकारियों की मौज, विद्यालयों के बाहर दो घंटे खड़े रहकर परेशान होते रहे विद्यार्थी

Pawan Kumar Sharma

Publish: Aug 24, 2019 10:22 AM | Updated: Aug 24, 2019 10:22 AM

Tonk

Janmashtami holiday: राज्य सरकार ने गुरुवार की रात को जन्माष्टमी की छुट्टी शुक्रवार को घोषित कर दी।अधिकारियों और कर्मचारियों की तीन दिन की छुट्टी हो जाने से मौज हो गई वहीं बच्चों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

निवाई. राज्य सरकार ने गुरुवार की रात को जन्माष्टमी की छुट्टी शुक्रवार को घोषित कर दी।अधिकारियों और कर्मचारियों की तीन दिन की छुट्टी हो जाने से मौज हो गई वहीं बच्चों को परेशानी का सामना करना पड़ा। जानकारी अनुसार उपखंड मुख्यालय सहित क्षेत्र के कई गांवों में बच्चे बैग लेकर विद्यालय पहुंचे और विद्यालय पर ताला देखकर दंग रह गए।

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जबकि सभी विद्यालयों में जन्माष्टमी पर्व की छुट्टी शनिवार को घोषित की गई थी, लेकिन गुरुवार देर रात जन्माष्टमी पर्व की पर्व की छुट्टी शुक्रवार को ही कर दी गई। राज्य सरकार के इस फैसले को कई प्राइवेट स्कूलों नहीं माना और शुक्रवार को विद्यालय संचालित किया।

 

जबकि जन्माष्टमी पर्व पूरे देश में शनिवार को ही मनाया जाएगा। केवल अधिकारियों और कर्मचारियों की तीन तक मौज मस्ती के लिए बिना पर्व ही छुट्टी घोषित कर दी। कई विद्यालयों के बाहर करीब दो तक बच्चे खड़े रहे और कोई नहीं आने पर दो घंटे बाद अपने अपने घरों को लौट गए।

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असमंजस में रहे विद्यार्थी
आवां. राज्य सरकार की ओर से शुक्रवार को कृष्ण जन्माष्टमी का अवकाश अचानक घोषित करने से क्षेत्र के कई विद्यालयों में असमंजस की स्थिति रही। पूर्व सूचना नहीं होने के कारण कस्बे सहित कई ग्रामीण क्षेत्रों मे विद्यार्थी अन्य दिनों की तरह ही विद्यालय पहुंच गए और विद्यालय खुलने का इन्तजार करते रहे। कस्बे के विद्यार्थियों ने बताया कि उन्हें दी गई सूचना के अनुसार अवकाश शनिवार का तय था।

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इससे शनिवार को भी बालकों की उपस्थिति पर प्रभाव पड़ सकता है। शिक्षकों ने बताया कि शुक्रवार को अवकाश रहने की सूचना उन्हें देर रात मिली, यथा सम्भव स्वयं पहुंच कर अथवा मोबाइलों के जरिए बालकों को इसकी सूचना देने का प्रयास किया गया है। इधर , राजस्थान प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षक संघ ने सरकार से समय रहते अवकाश की सूचना देने की मांग की है, जिससे समय, धन और श्रम का दुरुपयोग न होने के साथ अव्यवस्था न फैले।