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मुर्हरम पर निकले ताजिए, जगह-जगह हुए लंगर

Sanket Shrivastava

Publish: Sep 11, 2019 07:02 AM | Updated: Sep 10, 2019 23:36 PM

Tikamgarh

जिलेभर में देर रात तक निकली सवारी, प्रशासन व पुलिस द्वारा की कई चाक चौबंद व्यवस्था

टीकमगढ़/बल्देवगढ़, पृथ्वीपुर, बम्हौरी बराना/ चंदेरा. नगर में मुर्हरम मातमी के साथ मनाया गया। मुर्हरम को लेकर मंगलवार की रात को गुर्राक के साथ निकले। वहीं ताजिया देर शाम तक करबला पहुंचे। जगह-जगह ताजियों के साथ जुलूस का स्वागत किया गया। कही पर लंगर आयोजित किए गए तो कही पर सरबत पिलाया गया।
मंगलवार की शाम से ही किले का मैदान राजेंद्र पार्क में शहर के ताजिए एकत्रित किए गए। सभी ताजियों को एक लाइन में स्थान देकर दुआएं मांगी। इसके बाद जुलूस निकाला गया। जुलूस गांधी चौराहा से होते हुए सैलसागर चौराहा, सिंधी धर्मशाला, लुकमान चौराहा, पुरानी नजाई, जवाहर चौराहा, कटरा बाजार, शक्ति टाकीज, तालदरवाजा से निकाला गया। उनकी एक झलक पाने के लिए सड़क के दोनों ओर लोगों की भीड़ लगी हुई थी। इसके साथ ही राजेंद्र पार्क में अखाड़े का आयोजन किया गया। युवाओं ने अखाड़े में अपने-अपने कत्र्तव्य दिखाए।
पुलिस द्वारा की गई चाक चौबंद व्यवस्था
यातायात सूबेदार उत्तम सिंह ने बताया कि ताजिए निकलने के दौरान पुलिस द्वारा यातायात के चाक चौबंद व्यवस्था की गई। सभी चौराहा और तिराहों पर जवानों को तैनात किया गया। पुलिस वाहन द्वारा पूरे शहर में गश्त किया गया। इसके साथ ही हर एक व्यक्ति पर नजर रखी गई। इसके साथ ही जुलूस में इमरजेसी सेवाओं के लिए फायर बिग्रेड, एम्बुलेस साथ चल रहे थे। नगर में मुर्हरम के दौरान ताजिए सभी मोहल्लों से निकाले गए। हिन्दू-मुस्लिम भाईयों ने ताजिएयों से दुआएं मांगी। शहर में शांति का माहौल बना रहा।
चंदेरा में निकाला जुलूस
पैगंबर हजरत महोम्मद साहब के नवासे इमाम हुसैन की याद में मनाए जाने वाले मातमी पर्व मुर्हरम के तहत मुस्लिम समुदाय ने ताजिए निकाले।् ताजिए के जुलूस के दौरान मुस्लिम नौजवानों द्वारा आखाडा खेला। अंजुमन इस्लामिया कमेटी चंदेरा के कार्यवाहक अध्यक्ष बहीद खान, दुज्जु खान, मुमताज खान, खालील अहमद, याकूब खान, अजीज खान, नबाव खान, कमरुद्दीन खान, कम्मू खान, सलीम खान, रफ ीक खान मौजूद रहे।
बल्देवगढ में करबला में ठंडे किए ताजिए
मुर्हरम को लेकर सोमवार रात को गुर्राक के साथ निकले गए। वहंी ताजिया मंगलवार शाम को करबला पहुंचा और ठंडे किए गए। इस दौरान निकले जुलूस में ताजिए की जियारत के लिए लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। तो वहीं मुर्हरम के इस पर्व में हिन्दू मुस्लिम की एकता भाईचारें का नजारा देखने को मिला है।
वहीं मंगलवार को चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था के बीच दोपहर 2 बजे ताजिए रवाना किए गए। जहां खाई मोहल्ला, खटकयाना, जामा मस्जिद होते हुए बडा इमाम बाढ़ा पहुंचे। इसमें छोटे बड़ सभी 45 ताजिया आए। इस दौरान कनछेदी खान, रहमत खान, रसीद खान, जिया खान, इसरायल, ठलु रैकवार, संतोष चौरसिया, घंसु विश्वकर्मा, शहजाद उल्ला बेग, आजाद खान मौजूद रहे।
बम्हौरी बराना निकले ताजिए
मंगलवार को हजरत इमाम हुसैन की शहादत में ताजिया निकाले गए। इमाम चौक से ताजिया जामा मस्जिद होते हुए मुख्य मार्गों से होकर निकले गए। ताजिया के साथ फ ातिहा पढ़ी गई। लंगर के साथ अखाड़ा खेला गया। मुस्लिम भाइयों ने बुलंद आवाज में या हुसैन या हुसैन, या अली या अली के नारे लगाए गए। देर शाम तक ताजिया मुकाम से करबला में ठंडे किए गए। इस दौरान जामा मस्जिद सदर आजाद खान, हमीद खान, बफ ाति खान, रशीद खान, चांद खान, जुम्मन खान, परवेज खान, साहिम खान मौजूद रहे।