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आखिरकार निरस्त हुआ सीएमओ का स्थानांतरण

Nitin Sadaphal

Publish: Sep 21, 2019 10:17 AM | Updated: Sep 21, 2019 01:42 AM

Tikamgarh

दो दिन से जारी था राजनीतिक घटनाक्रम

टीकमगढ़ जिले की राजनीति में दो दिन से चर्चा का विषय रहे नगरपालिका सीएमओ का स्थानांतरण आखिरकार शुक्रवार को देर शाम निरस्त कर दिया गया। कांग्रेस पार्षदो के इस्तीफे की अटकलों के साथ ही भाजपा शासित अध्यक्ष की कांग्रेस सरकार में सुनवाई को लेकर नगर में चर्चा का विषय रहा। ऐसा माना जा रहा है कि स्थानांतरण के बाद अब नगरपालिका को लेकर राजनीतिक घटनाक्रम बदल सकता है।
बुधवार को आदेश शुक्रवार को निरस्त- जिले की एकमात्र नगरपालिका की सीएमओ माधुरी शर्मा का नगरीय प्रशासन विभाग ने बुधवार को शहरी अभिकरण दतिया में परियोजना अधिकारी के पद पर स्थानांतरण किया था। जिसके बाद से ही नगर की राजनीति गरमाने लगी थी। स्थानांतरण को लेकर सीधे तौर पर नगरपालिका अध्यक्ष और सीएमओ के बीच अनबन की चर्चा आने लगी थी। जिसके बाद कांग्रेस का एक गुट सक्रिय हुआ और सीएमओ का स्थानांतरण निरस्त कराने की पहल शुरू हुई। जिसके बाद नगरपालिका परिषद में मौजूद कांग्रेस के 11 पार्षदो में से 9 के द्वारा इस्तीफे मुख्यमंत्री कमलनाथ को भेज दिए थे। नगरपालिका में विपक्ष के नेता पार्षद भरत सोनी ने बताया कि पूर्व मंत्री यादवेन्द्र सिंह की अगुवाई में 9 पार्षदो ने स्थानांतरण के विरूद्व इस्तीफे दिए थे। उनका कहना था कि कांग्रेस सरकार में कार्यकर्ताओ की सुनवाई होने से ही स्थानांतरण निरस्त हुआ है। शुक्रवार देर शाम सीएमओ शर्मा का स्थानांतरण आदेश निरस्त कर यथावत सीएमओ बनाया गया है।

राजनीति में आएगा बदलाव
नगरपालिका में जारी राजनीतिक रस्साकशी के बाद अटकलें लगाई जाने लगी है कि नगरपालिका अध्यक्ष लक्ष्मी गिरी की ननद और टीकमगढ़ जनपद अध्यक्ष कामिनी गिरी कांग्रेस में शामिल हो सकती है। अध्यक्ष के समर्थको द्वारा स्थानांतरण के बाद ऐसे कयास लगाए जा रहे है कि जल्द ही इस मामले में निर्णय आ जाएगा।

सोशल मीडिया पर जारी है बयानबाजी
सीएमओ स्थानांतरण आदेश जारी होते ही दोनो पक्षो के समर्थको में सोशल मीडिया पर बयानबाजी शुरू हो गई थी। जिसमें भाजपा समर्थको के द्वारा सीएमओ को विकास में बाधक बताया गया तो कांग्रेस समर्थको की ओर से भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने वाला बताया गया। स्थानांतरण आदेश निरस्त होते ही शुक्र्रवार शाम से फिर सोशल मीडिया पर भाजपा कांग्रेस के समर्थको में बयानबाजी शुरू हो गई।

अधिकारियो का स्थानांतरण करना सरकार का काम है। नगर में विकास में बाधक बनने पर जिस स्तर पर प्रयास होगें,वह किए जाएगें।
लक्ष्मी गिरी, अध्यक्ष नगरपालिका टीकमगढ

यह सच्चाई की जीत हुई है। कांग्रेस पार्षदो के साथ ही हमारे नेता की बात सरकार के द्वारा सुनी गई है।
भरत सोनी, नेता विपक्ष नगरपालिका टीकमगढ़