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ठेकेदार के दबाव में पीडब्ल्यूडी महकमा, समय पर पूरा नहीं करा पा रहे काम, जानिए क्या है वजह

Amit Pandey

Publish: Jan 25, 2020 15:34 PM | Updated: Jan 25, 2020 15:34 PM

Singrauli

ठेकेदारों के राजनीतिक रसूख के चलते ईई भी चुप...

सिंगरौली. पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों पर ठेकेदार पूरी तरह से हावी हैं। ठेकेदारों के राजनीतिक रसूख के चलते ईई चुप्पी साधकर बैठे हैं। यही कारण है कि समय पर कार्य पूरा करने का दबाव नहीं बना पा रहे हैैं। जिससे खनिज प्रतिष्ठान मद से स्वीकृत निर्माण कार्यों में लापरवाही बरती जा रही है। जबकि जिला प्रशासन की ओर से लगातार समीक्षा किए जाकर निर्माण कार्यों को पूरा करने का निर्देश दिया जा रहा है। इसके बावजूद ठेकेदार लापरवाही करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं।

बताया गया है कि पीडब्ल्यूडी के तहत निर्माण कार्य करा रही एजेंसियां विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से काम करती हैं। जो निर्माण कार्य पूरे कर दिए गए हैं उसमें गुणवत्ता को ताक पर रखकर काम किया गया है। वहीं ज्यादातर निर्माण कार्य अधर में लटका है। उसे पूरा करने का दबाव पीडब्ल्यूडी के अधिकारी ठेकेदार पर नहीं बना पा रहे हैं। हैरत की बात यह है कि पुराने निर्माण कार्यों को पूरा नहीं करने के बाद भी एजेंसियों को नए निर्माण कार्यों की जिम्मेदारी सौंप दी गई है। कलेक्टर की समीक्षा में विभाग के अधिकारी काम तेजी से कराने का दम तो भरते हैं, लेकिन नतीजा सिफर होता है।इस संबंध में ईई बीएस मरावी का कहना है कि ठेकेदारों पर दबाव बनाकर काम कराया जा रहा है।पहले से ही भारी संख्या में कार्य लंबित था।इसलिए समय लग रहा है।

गुणवत्ताविहीन हो रहे निमार्ण कार्य
बतादें कि पीडब्ल्यूडी के तहत कराए जा रहे निर्माण कार्य को देखा जाए तो एक भी निमार्ण कार्य मानक के अनुरूप नहीं मिलेंगे। फिर भी निर्माण एजेंसियों का भुगतान कर दिया गया है। यह कमीशन के चक्कर में विभाग के अधिकारी सही गलत देखने की जरूरत नहीं समझते। उन्हें यह लगा रहता है कि फाइल के साथ अपना हिस्सा मिल जाए और काम क्या हुआ या नहीं, इसकी परवाह नहीं रहती है। यह खेला पीडब्ल्यूडी में लंबे समय से जारी है।

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