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प्रदेश के इस जिला चिकित्सालय में जाने से क्या डरने लगे हैं मरीज!

Gaurav Saxena

Publish: Aug 20, 2019 17:53 PM | Updated: Aug 20, 2019 17:53 PM

Sikar

सीकर के कल्याण चिकित्सालय में दो माह में दो बार गिर चुकी है फाल्स सीलिंग। बारिश के चलते किस जगह फाल्स सीलिंग टूट कर गिर जाए पता नहीं चल पा रहा है।

सीकर. मानसून की बारिश से भले ही मन मयूर नाच उठे लेकिन मामूली से बरसात से जिले के सबसे बड़े कल्याण अस्तपाल में भर्ती मरीज उनके परिजन और स्टाफ की चिंताएं बढ़ जाती हैं। वजह मेडिकल कॉलेज के अधीन एसके अस्पताल की छत से टपकता पानी। बारिश के कारण जिले के सबसे बड़े कल्याण अस्पताल भवन के हाल-बेहाल कर दिए हैं। हाल यह है कि रविवार को अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर के बाहर छत पर लगी करीब सात फिट की फाल्स सीलिंग गिर गई। गनीमत रही कि इस दौरान वहां कोई व्यक्ति मौजूद नहीं था जिससे बड़ा हादसा होने से टल गया। इससे पहले अस्पताल के ईएनटी वार्ड के पास मरीज पर फाल्स सीलिंग गिर गई। इससे मरीज चोटिल हो गया था।
गौरतलब है कि अस्पताल में पिछले दो माह में दो बार फाल्स सिलिंग गिर चुकी है लेकिन मरम्मत करवाने वाली निर्माण एजेंसी इस और ध्यान तक नहीं दे रही है।इससे मरीजों में भय व्याप्त है।
जनप्रतिनिधियों ने उठाए थे सवाल
एसके अस्पताल का रिनोवेशन किए जाने के बाद से भवन की स्थिति ज्यादा खराब हो गई। भवन में हो रहे काम की गुणवत्ता को जिले के विधायकों ने भी सवाल उठाए थे। रिनोवेशन के दौरान अस्पताल की छत की मरम्मत कराने की बजाए फाल्स सिलिंग लगा दी गई। फाल्स सीलिंग के लिए अस्पताल भवन की पट्टियों में इतने छेद कर दिए गए कि कई जगह पट्टियों को रोकने के लिए लोहे के एंगल लगाने पड़े। गौरतलब है कि 2013 में अस्पताल का जीर्णोद्वार करवाया गया था। इस दौरान ठेकेदारों से अस्पताल के विभिन्न वार्डों में फर्श, छत, टाइल्स लगाने का काम, डक्टिंग का काम किया था।
पत्र लिखा है
फाल्स सीलिंग गिरने के बाद एनआरएचएम को तुरंत मरम्मत के लिए पत्र लिख दिया है। अस्पताल में जहां-जहां समस्या है उसकी मरम्मत करवाई जाएगी।
अशोक चौधरी, पीएमओ एसके अस्पताल सीकर