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तहसीलदार की मनमानी के विरूद्ध अधिवक्ता संघ हुआ लामबंद

Manoj Kumar Pandey

Publish: Dec 06, 2019 14:16 PM | Updated: Dec 06, 2019 14:16 PM

Sidhi

एसडीएम से की गई शिकायत, मामला तहसील मझौली का

सीधी/मझौली। तहसील मझौली में पदस्थ तहसीलदार की मनमानी को लेकर अधिवक्ता संघ मझौली लामबंद होने लगा है। अधिवक्ता संघ मझौली के अध्यक्ष द्वारा तहसीलदार मझौली की मनमानी के विरूद्ध एसडीएम मझौली से शिकायत की है।
अधिवक्ता संघ मझौली के अध्यक्ष सुधींद्र शुक्ला द्वारा उपखंड अधिकारी मझौली के नाम तहसील न्यायालय की अनियमितताओं को लेकर प्रमाण सहित शिकायत पेश किया है। जिसमें आरोप है कि पीठासीन अधिकारी तहसीलदार शाम 5 से 6 बजे के बाद न्यायालय पर बैठते हैं, जिससे अधिकांश अधिवक्ता चले जाते हैं व पक्षकार भी चले जाते हैं। न्यायालयीन कार्रवाई देर रात तक चलती है और पक्षकारों को सहज व सुलभ न्याय नहीं मिल पाता है। सभी न्यायालयीन प्रकरण आरसीएमएस में दर्ज नहीं किए जाते हैं। शिकायत में बताया गया है कि प्रकरण में सायं 5 बजे के बाद आदेश पत्रिका लिखे जाने के पश्चात पुन: उसी दिनांक को पुनश्च करने के बाद में एक पक्ष के अधिवक्ता के चले जाने पर साक्ष्य ली जाती है। तहसीलदार रीडर द्वारा गलत तरीके से जवाब देकर कहा जाता है कि मैं तहसीलदार का ठेका नहीं लिया हूं, मैं पीएससी पास नहीं किया हूं इसलिए मैं न्यायालय की आदेश पत्रिका सही नहीं लिख सकता हूं। तहसील न्यायालय की न्यायिक कार्रवाईयां गलत तरीके से की जाती है जिससे न्यायिक प्रक्रिया का दुरुपयोग होता है एवं न्याय में विफ लता पैदा होती है और पक्षकारों एवं अधिवक्ताओं को असुविधा होती है इसलिए जांच पश्चात आवश्यक कार्रवाई की मांग की गई है।
बाबूराज व पटवारी राज चरम पर-
तहसील कार्यालय में पदस्थ लिपिक व हल्का पटवारियों द्वारा तहसीलदार की उदासीनता के चलते आम नागरिकों को परेशान करने का बीड़ा सा उठा लिया है, एक तरफ पीडि़त पक्षकार जहां बाबुओं के आचरण व ब्यौहार से ब्यथित हैं, यहां तक की सीसीटीवी कैमरे को भी लीड निकालकर लेन-देन का घिनौना कार्य करने में ब्यस्त रहते हैं। वहीं सीमांकन, नामांतरण व भूमि निपटारा आदि मामलों में हल्का पटवारियों के शोषण का शिकार हो रहें हैं, जो सुबह से लेकर शाम तक इनके चक्कर लगाते रहते हैं, लेकिन इन्हें न्याय न मिल पाने के कारण परेशानियों से जूझना पड़ता है।
.........मेरे द्वारा तहसील न्यायालय में की जा रही अनियमितताओं को लेकर उपखंड अधिकारी को प्रमाण सहित लिखित शिकायत पेश की गई है, अभी शिकायत पर जांच कार्रवाई का इंतजार है। इसके पश्चात आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा।
सुधींद्र शुक्ला
अध्यक्ष, अधिवक्ता संघ मझौली
........हमें अधिवक्ता संघ अध्यक्ष के द्वारा शिकायत पत्र मिला है, जिसे मूलत: कार्यालय कलेक्टर की ओर भेज दिया गया है।
एके सिंह
उपखंड अधिकारी राजस्व, मझौली

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