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लालू प्रसाद की तबीयत में सुधार, वापस भेजे जा सकते हैं जेल

Prateek Saini

Publish: Aug 04, 2019 15:06 PM | Updated: Aug 04, 2019 15:06 PM

Ranchi

Lalu Prasad Yadav Bihar: लालू प्रसाद यादव 11 गंभीर बिमारियों से पीड़ित हैं। लंबे समय से रांची के रिम्स ( RIMS ) अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है।

(रांची): बहुचर्चित चारा घोटाले ( chara ghotala ) मामले के तीन मामलों में सजायाफ्ता राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद ( lalu prasad yadav ) पिछले कई दिनों से रांची के रिम्स ( RIMS ) में इलाजरत है। लालू प्रसाद 11 बीमारियों से ग्रसित है, लेकिन उनकी तबीयत में लगातार सुधार हो रहा है और सब कुछ ठीक रहा, तो उन्हें वापस रांची स्थित बिरसा मुंडा सेंट्रल जेल भेजा जा सकता है।

 

जेल अधीक्षक ने बताया कि डॉक्टर की रिपोर्ट में सब कुछ सामान्य मिला, तो लालू प्रसाद को वापस लाया जाएगा, जेल प्रबंधन लालू प्रसाद को वापस जेल में शिफ्ट करने के लिए सकारात्मक रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है, अभी तक डॉक्टरों की पूरी रिपोर्ट नहीं मिली है।


इन बिमारियों से पीड़ित हैं लालू

lalu prasad yadav bihar

लालू प्रसाद का इलाज कर रहे चिकित्सकों ने बताया कि वे शुगर, किडनी, हाई ब्लड प्रेशर, फिस्चुला, लीवर और किडनी से संबंधित 11 बीमारियों से पीडित है और उनका इलाज डॉ उमेश प्रसाद और डॉ. डी.के. झा के नेतृत्व में रिम्स में कई महीनों से चल रहा है। रिम्स में लालू प्रसाद की सुरक्षा के लिए 42 पुलिसकर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है।


गौरतलब है कि चारा घोटाले के अलग-अलग मामलों में सजा पाने के बाद लालू प्रसाद यादव ने जेल के 19 महीनों में से 17 महीने अस्पताल में काटे हैं और अब भी उनकी तबीयत पूरी तरह से ठीक नहीं हुई है। वे 23 दिसंबर, 2017 से जेल में हैं। तब जेल जाने के महज दो महीने बाद ही उनकी तबीयत बिगड़ गई थी। लालू को पहले रिम्स में भर्ती कराया गया, फिर बेहतर इलाज के लिए उन्हें दिल्ली के ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (एम्स) भेजा गया।


मई, 2018 में एम्स में फिट घोषित होने के बाद वह दोबारा रिम्स में भर्ती हुए। जहां से अपने बड़े बेटे तेज प्रताप यादव की शादी के लिए उन्हें पैरोल मिल गई। बेटे की शादी से वापस आने के क्रम में झारखंड उच्च न्यायालय ने लालू प्रसाद पर कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा था कि वे सजायाफ्ता हैं, बीमार हैं, ऐसे में वे अस्पताल में रहें या जेल में। वे आखिर पटना में घर पर क्या कर रहे हैं। इसके बाद उन्हें मुंबई स्थित हार्ट हॉस्पिटल में इलाज के लिए झारखंड हाई कोर्ट ने अंतरिम जमानत दी। मई 2018 में रिम्स लौटने के बाद से ही उनका रिम्स में इलाज चल रहा है। यहां उन्होंने अपने खर्चे पर पेइंग वार्ड ले रखा है। जिसमें एयर कंडीशनर सहित तमाम सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्हें जेल प्रशासन के आदेश पर दो सेवादार भी उपलब्ध कराए गए हैं।

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