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RAIPUR के इन इलाकों में मिला डेंगू-मलेरिया के लार्वा, अभी से इन बातों का रखें ध्यान वरना..

Chandu Nirmalkar

Publish: Jul 20, 2019 17:28 PM | Updated: Jul 20, 2019 17:28 PM

Raipur

Dengue-Malaria in raipur: दोबारा जांच के बाद भी यदि पानी में डेंगू-मलेरिया का लार्वा मिला तो बार को बंद करने का (Raipur Nagar Nigam) फरमान दिया गया है।

रायपुर. शुरुआती बारिश (Rain in Raipur) के बाद मच्छरों (Dengue-Malaria in raipur) ने रंग दिखाना शुरू कर दिया है। डेंगू-मलेरिया का लार्वा राजधानी के 30 स्थानों में मिलने से नगर निगम के अधिकारी सकते है। नगर निगम आयुक्त (Raipur Nagar Nigam) ने जिन स्थानों से डेंगू-मलेरिया का लार्वा मिला है। उन स्थानों के पानी का ट्रीटमेंट करने और दोबारा जांच करने का निर्देश दिया है। दोबारा जांच के बाद भी यदि पानी में डेंगू-मलेरिया का लार्वा मिला तो बार को बंद करने का फरमान दिया गया है।

राजधानी में पानी प्रदूषित आने की वजह से स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू-मलेरिया को लेकर अलर्ट जारी किया था। अलर्ट जारी होने के बाद विभागीय अधिकारियों ने राजधानी के 104 स्थानों के पानी का सैंपल लिया और उसको जांच के लिए नगर निगम की लैब में भेजा। विभागीय अधिकारियों ने सैंपल की जांच की तो राजधानी के 30 इलाकों का पानी डेंगू-मलेरिया के लार्वा से प्रदूषित पाया गया। पानी प्रदूषित निकलने पर विभागीय अधिकारियों ने वर्तमान में बोर को बंद करके उसके पानी का ट्रीटमेंट शुरू कर दिया है।

5 वर्ष में हो चुकी 536 लोगों की मौत

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से मिले आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2013 से अब तक डेंगू की चपेट में आने से प्रदेश के 28 लोगों की मौत हुई। मलेरिया ने भी पिछले 5 वर्षों में 288 प्रदेशवासियों की जान ली। । 2018 में पीलिया ने भी राजधानी में जमकर प्रकोप दिखाया। पीलिया से प्रदेश में 220 लोगों की मौत हुई। इन सभी घटनाओं के बाद बारिश शुरू होने से पहले स्वास्थ्य विभाग अलर्ट जारी कर विभागीय अधिकारियों को अव्यवस्थाएं दूर करने का संकेतदे देता है।
इस तरह पहचाने डेंगू-मलेरिया

मलेरिया के लक्षण
मलेरिया होने पर रोगी को सर्दी लगने लगती है और शरीर कांपने लगता है। इसके अन्य लक्षणों में सर्दी के साथ प्यास लगना, उल्टी होना, हाथ पैरों पर ठंड लगना और बेचैनी होना आदि है। इस बीमारी में कब्ज, घबराहट और बेचैनी आदि आने लगती है।

मलेरिया से बचने के उपाय
ब्लड टेस्ट कराएं और डॉक्टर की राय से ही कोई दवा लें। अगर दवा की पूरी डोज नहीं लेंगे तो मलेरिया दोबारा होने की आशंका रहती है। इसका पक्का इलाज है, ऐसे में अगर बुखार कम न हो तो डॉक्टर को दिखाएं। घर में किसी को बुखार हुआ है तो उसे मच्छरदानी में रखें, वरना मच्छर मरीज को काटकर घर भर में दूसरे लोगों को भी मलेरिया फैला सकता है। मरीज को बुखार होने के 7 दिन तक वायरस शरीर में बरकरार रहता है। अगर मरीज को वायरल है तो उसकी चीजें इस्तेमाल न करें और उसे कहें कि छींकते या खांसते हुए मुंह और नाक पर नैपकिन रखे।

डेंगू के लक्षण
सिरदर्द, मांसपेशियों और जोड़ों में दर्दऔर त्वचा का खराब हो जाना। कभी-कभी, यह लक्षण फ्लू के साथ मिलकर कंफ्यूज भी कर देते हैं। डेंगू के लक्षण 3 से 14 दिन बाद दिखने शुरू होते हैं। तेज ठण्ड लगकर बुखार आना। शरीर और जोड़ों में दर्द होना। भूख कम लगना। जी मचलना, उलटी और दस्त आना।

डेंगू से बचने के उपाय
डेंगू एडीज एजिप्टी मच्छर से होता है और ये दिन में संक्रमण फैलाते है। इनका जन्म आमतौर पर जमा पानी वाले स्थानों पर होता है। इसलिए घर के कूलर, गमले और टीनशेड में पानी ना जमा होने दे। मॉस्किटो रिपेलेंट का इस्तेमाल नियमित रूप से करें। मच्छरों वाले स्थान में मॉस्किटो रिपेलेंट का इस्तेमाल रात में करने के साथ-साथ दिन में भी करें। घर के सभी प्रवेश बिंदुओं को ब्लॉक कर दे। घर में मच्छरों के अधिक होने पर सोने के लिए आपको हर रात मच्छरदानी का इस्तेमाल करें। कूड़ेदान को साफ रखे ताकि मच्छर प्रजनन ना कर सकें। प्राकृतिक तरीके से घर में मच्छरों के प्रवेश को रोकने के लिए अपनी खिड़की या दरवाजे के पास तुलसी का पौधा लगाये। यह प्राकृतिक तौर पर रिपेलेंट का काम करता है जिससे इस संक्रमण की आशंका घटती है।

इन जगहों में मिला डेंगू-मलेरिया के लार्वा
संकट चश्मा केंद्र जोरा पारा, संजय किराना भंडार बजरंग नगर, जरवाया तालाब के पास, बंग्लामुखी मंदिर चंदनडीह, दिनेश ऑटो इलेक्ट्रिकल चंदनडीह,तालाब के पास टाटीबंध, सीतानगर प्रधानमंत्री आवास के पास गोगांव, बब्लू साहू किराना स्टोर्स गोगांव, यादव सामाज भवन बाजार चौक भनपुरी, कैलाश नगर भनपुरी, पेट्रोलपंप के पास खालबाड़ा, नरेंद्र लेडीस टेलर्स पंडरी, अनुराग नगर कुष्ठ बस्ती पंडरी, अनुराग नगर पंडरी, हरिजनपारा दलदल सिवनी, आदर्श नगर कॉलोनी राम मंदिर क्रमांक-2, मितानिन कार्यकर्ता के घर के पास चंडीनगर, विजय नगर तेलीबांधा, मिथलेश के घर के पास चंडीनगर, सतनामी पारा सूरज नगर लाभांडी, बुधराम भारती के घर के पास लाभांडी, पूर्वो प्रोविजन स्टोर के पास न्यू शांति नगर, गौरा चौक काली नगर पंडरी, श्रीराम नगर राजेंद्र नगर, पुरैना अमृत होम्स ब्लॉक, दक्षिण मुखी हनुमान मंदिर, रूद्रधारी मंदिर अग्रसेन चौक, संकट मोचन हनुमान मंदिर बढई पारा एवं घनश्याम मंदिर, घनश्याम पारा।


प्रदूषित पानी की सूचना मिलने पर राजधानी के 103 स्थानों के पानी की जांच कराई थी। 30 स्थानों का पानी प्रदूषित मिला है, इसलिए सभी कमिश्नरों को पानी में दवा डालकर ट्रीटमेंट करने का निर्देश दिया है। ट्रीटमेंट देने के बाद पानी में सुधार नहीं होगा तो प्रदूषित पानी वाले बोर को हम बंद कर देंगे।

शिवअनंत तायल, आयुक्त, नगर निगम

बारिश का मौसम शुरू होते है, मच्छरों का प्रकोप बढ़ जाता है। रूके हुए पानी में डेंगू और मलेरिया के मच्छर पनपते है। बीमारी से बचने के लिए घर के पास गंदगी ना इक_ा होने दे। यदि लगातार बीमार हो रहे है और उल्टी-दस्त जैसी समस्याएं आ रही है, तो जल्द से जल्द डॉक्टर के पास जाकर जांच कराए।
डॉ. रजनी ध्रुव, फिजिशियन

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