स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

चोरी की रिपोर्ट लिखाने थाना पहुंचा 67 साल का वृद्ध, पुलिस ने दिया उल्टा जवाब, कहा चोर पकडऩे के बाद करेंगे एफआईआर

Vasudev Yadav

Publish: Nov 04, 2019 21:04 PM | Updated: Nov 04, 2019 21:04 PM

Raigarh

Theft Case: चक्रधर नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत रहने वाला एक 67 साल का वृद्ध घर में हुए लाख रुपए की चोरी की एफआईआर दर्ज कराने दर-दर भटक रहा है। थाने में पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज नहीं किया जा रहा है।

रायगढ़. चोरी की रिपोर्ट लिखाने 67 साल का वृद्ध थाना पहुंचा। थाने की पुलिस पीडि़त से कह रहे हैं कि आरोपी को पकडऩे के बाद एफआईआर दर्ज करेंगे। जबकि पीडि़त का कहना है पहले अपराध दर्ज तो हो जाए, फिर मामले की जांच कर पुलिस आरोपी को पकड़ती रहेगी। लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। जिससे वृद्ध काफी परेशान है। पीडि़त का कहना है कि आखिर पुलिस अपराध दर्ज करने से क्यों कतरा रही है। ऐसे में लोग पुलिस पर कैसे और क्यों भरोसा करेंगे।

मिली जानकारी के अनुसार पीडि़त श्याम नारायण श्रीवास्तव (67) ग्रीन सिटी मकान नंबर 44 में पत्नी के साथ रहता है। वहीं श्याम नारायण जिंदल का रिटायर्ड सीनियर मैनेजर भी है। उसका बड़ा बेटा झारखंड स्थित एक प्लांट में नौकरी करता है। जबकि छोटा बेटा बैंगलोर में नौकरी करता है। 22 अगस्त को श्याम नारायण पत्नी के साथ अपने छोटे बेटे के यहां बैंगलोर गया था। 31 अक्टूबर की सुबह वह घर लौटा तो देखा कि उसके घर के दरवाजे का कुंडा टूटा हुआ था। इसके बाद वह अंदर जाकर देखा तो सारे कमरे का कुंडा टूटा हुआ था और सामान अस्त-व्यस्त पड़े थे। कोई अज्ञात चोर आलमारी का लॉक तोड़ कर सोने-चांदी के जेवरात, महंगे कपड़े व अन्य सामानों को पार कर दिया था। जिसकी कीमत करीब एक लाख रुपए बताई जा रही है।
Read More: वेरिफिकेशन के लिए थाना पहुंची महिला से आरक्षक ने कहा- तुम्हारी परफ्यूम बहुत अच्छी है, ये सुनते ही बिफरी महिला, किया ये काम...

[MORE_ADVERTISE1]

चोरी की जानकारी होने पर उसी दिन पीडि़त घटना की लिखित शिकायत लेकर थाने गया। जहां से एक एएसआई ने पीडि़त से शिकायत लेकर कहा कि वे उनके घर आएंगे। इसके बाद पुलिस शाम में पहुंची और पीडि़त के घर का फोटो खींच कर उसे थाने बुलाने की बात कहते हुए वहां से लौट गई। दूसरे दिन जब श्याम नारायण को थाने से कोई बुलावा नहीं आया तो वे स्वयं थाने पहुंच गया। जहां उसकी मुलाकात थानेदार युवराज तिवारी से हुई। इसके बाद पीडि़त ने थानेदार को पूरी घटना की जानकारी दी। तब थानेदार ने कहा कि हम आरोपी को पकड़ते हैं। ऐसे में पीडि़त ने थानेदार से कहा कि पहले एफआईआर तो कर लीजिए।

इसके बाद युवराज तिवारी ने कहा कि हम पहले चोर को पकड़ेंगे, उसके बाद आपको थाने बुलाया जाएगा, उसी समय एफआईआर कर लेंगे। तब पीडि़त ने कहा कि कोई प्रूफ तो होना चाहिए। तब टीआई ने अपने एएसआई से कहा कि इन्हें रिसिविंग दे दो। तब एएसआई ने पीडि़त के शिकायत में सील थप्पा लगाकर उन्हें दे दिया। लेकिन चार दिन बीत जाने के बाद भी थाने में अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज नहीं हो सका है।

Read More: निगम चपरासी के घर से थोक में मिली नशीली दवाइयां, पुलिस की दबिश में पकड़ाया
पहुंचा एसपी के पास
चार नवंबर को पीडि़त एसपी संतोष कुमार सिंह के पास पहुंचा और उसे घटना की जानकारी देते हुए एफआईआर दर्ज कराने का आग्रह किया। साथ ही कहा कि पुलिस तो सीनियर सिटीजन की सहायता करती है यहां उन्हें घुमाया क्यों जा रहा है। तब एसपी ने पीडि़त से पूछा कि आखिर अपराध दर्ज क्यों नहीं हो रहा है। तब पीडि़त ने उनसे कहा कि यह तो चक्रधर नगर थाने की पुलिस ही जाने। इसके बाद एसपी ने पीडि़त से कहा कि वे चक्रधर नगर थानेदार से बात करते हैं। इसके बाद वे आपको बुलाएंगे और एफआईआर भी दर्ज होगा। एसपी से न्याय का आश्वासन मिलने के बाद पीडि़त अपने घर चला गया।

[MORE_ADVERTISE2]

घर के अगल-बगल लगे हैं सीसीटीवी कैमरे
पीडि़त ने बताया कि उसके घर में कोई सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा है। उसके घर अगल-बगल दो घरों में कैमरे लगे हुए हैं। अगर पुलिस चाहे तो वहां का फुटेज खंगाल कर आरोपियों की पहचान कर सकते हैं। लेकिन पुलिस अभी तक अपराध दर्ज नहीं कर रही है, तो आरोपियों की धरपकड़ कैसे होगा।

-चोरी की घटना हुई है, मामले को जांच में लिया गया है। सीनियर सिटीजन होने की वजह से पीडि़त पूरी तरह से बता नहीं पा रहा है क्या-क्या और कितने रुपए के सामानों की चोरी हुई है। जब यह क्लीयर हो जाएगा तो अपराध दर्ज भी कर लिया जाएगा। अभिषेक वर्मा, एएसपी, रायगढ़

[MORE_ADVERTISE3]