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हिमाचल प्रदेश के पूर्व सीएम वीरभद्र सिंह की तबीयत में नहीं हुआ सुधार, PGI चंडीगढ़ में किया रेफर

Dhiraj Kumar Sharma

Publish: Sep 19, 2019 14:25 PM | Updated: Sep 19, 2019 14:30 PM

Political

  • कांग्रेस को लगा बड़ा झटका, पूर्व सीएम की बिगड़ी तबीयत
  • हिमाचल के पूर्व सीएम वीरभद्र सिंह के शिमला से चंडीगढ़ भेजा
  • सीने में इंफेक्शन के बाद सांस लेने में हो रही दिक्कत

नई दिल्ली। हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह की तबयीत में किसी भी तरह का सुधार नहीं हो रहा है। यही वजह है कि उन्हें गुरुवार सुबह आइजीएमसी शिमला से पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है। IGMC शिमला के एमएस डॉक्‍टर जनकराज ने बताया कि शिमला में धुंध ज्‍यादा होने के कारण आने वाले दिनों में सांस लेने में और दिक्‍कत न हो इस कारण उन्‍हें रेफर किया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक वीरभद्र सिंह के सीने में भी इंफेक्‍शन हो रहा था, इसलिए उन्‍हें रेफर कर दिया गया।

पूर्व मुख्‍यमंत्री और कांग्रेस के दिग्‍गज नेता वीरभद्र सिंह की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें 17 सितंबर को शिमला के अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

उनकी तबीयत अचानक खराब होने पर सीधे आइजीएमसी शिमला लाया गया। पूर्व सीएम के ब्लड टेस्ट, ईसीजी और ईको टेस्ट करवाए गए थे।
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88 वर्षीय वीरभद्र सिंह इससे पहले भी रूटीन चेकअप के लिए आइजीएमसी आते रहते हैं। लेकिन इस बार चिकित्सकों के मुताबिक हालात नाजुक बनी हुई है।

17 सितंबर को ही डॉक्टरों की टीम ने उनका ईसीजी टेस्ट करवाया।

उन्हें व्हील चेयर पर इमरजेंसी से स्पेशल वार्ड तक पहुंचाया गया, जहां उनके टेस्ट किए किए गए। इस दौरान वीरभद्र सिंह की पत्नी प्रतिभा सिंह भी मौजूद रहीं।

चिकित्सकों ने चेकअप के बाद उन्हें अस्पताल में दाखिल होने की सलाह दी।

आपको बता दें कि वीरभद्र सिंह 6 बार हिमाचल प्रदेश के मुख्‍यमंत्री रह चुके हैं।

यही नहीं प्रदेश की राजनीति में कांग्रेस के सबसे बड़े चेहरे हैं। उनके बेटे विक्रमादित्‍य सिंह शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं, जबकि पत्‍नी प्रतिभा सिंह मंडी संसदीय क्षेत्र से सांसद रह चुकी हैं।

कोई चुनाव नहीं हारे
आठ बार विधायक, छह बार प्रदेश के मुख्यमंत्री और पांचवीं बार लोकसभा में बतौर सांसद रह चुके हैं और पिछले आधे दशक में वे कोई चुनाव नहीं हारे।