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इस जंगल का राजा है सिद्धार्थ, जिसकी दहाड़ और मूड है सेंटर ऑफ अट्रेक्शन

Jaya Sharma

Publish: Aug 10, 2019 20:24 PM | Updated: Aug 10, 2019 20:24 PM

Patrika plus

वल्र्ड लॉयन डे आज

नाहरगढ़ जूलोजिकल पार्क में लॉयन सफारी और जू का लगातार बढ़ रहा है अट्रेक्शन

मौसम में बदलाव होने के चलते जूलोजिकल पार्क में बढ़ रही है टूरिस्ट की संख्या

जयपुर. नाहरगढ़ जूलोजिकल पार्क में लॉयन सफारी का अट्रेक्शन अब बढ़ गया है। तेजस, तारा और त्रिपुर दो साल के हो गए हैं। पिछले एक साल में तीनों में काफी अंतर आ गया है। तीनों ही अपने पूर्ण रूप में दिखने लगे हैं। तेजस और त्रिपुर (लॉयन) खुले जंगल में घूमते हुए लॉयन सफारी के दौरान विजिटर्स को रोमांचित करते हैं, वहीं तारा (लॉयनेस) पिंजरे में चहल-कदमी करती है।
अब चलते हैं जू की तरफ। यहां सिद्धार्थ पूरे जू में अपना अलग दबदबा रखता है। उसकी दहाड़ दूर-दूर तक गूंजती है, जो दूसरे जानवरों से बहुत तेज है। उसका मूड भी हमेशा मस्तभरा रहता है। अपने पिंजरे में गुफा के बाहर बैठना उसको सबसे ज्यादा पसंद है। विजिटर्स को अलग-अलग पोज देता है। उसका स्ट्रक्चर देखकर हर कोई अचम्भित होता है। सिद्धार्थ के साथ यहां शेरनी सुहासिनी भी दिखती है।

शरमाई सी 'सुजैनÓ

इस समय लॉयन केज की फिजा बदली हुई है। जूनागढ़ से पिछले महीने आई शेरनी 'सुजैनÓ खुद को माहौल के लिए तैयार कर रही है। अभी वे केज में किसी शर्माई दुल्हन सी दिखती है, जिसे जू प्रशासन सिद्धार्थ के मिलवाने की प्लानिंग कर रहा है, जितनी जल्दी सुजैन जू में सहज महसूस करेगी। वह विजिटर्स को दिखने लगेगी। वहीं आने वाले दिनों में लॉयन फैमिली के बढऩे की खुशखबरी भी मिल सकेगी।
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मौसम के चलते जू में विजिटर्स की संख्या बढ़ गई है। विजिटर्स में लॉयन देखने का खासा रुझान है। पिछले ही महीने जूनागढ़ से शेरनी आई है, जिसे भी विजिटर्स के सामने लाया जाएगा। वहीं सिद्धार्थ और तेजिका (मृत) के बच्चे तेजस, तारा और त्रिपुर लॉयन सफारी का रोमांच बढ़ा रहे हैं।
प्रेम शंकर मीना,क्षेत्रीय वन अधिकारी, नाहरगढ़ जूलोजिकल पार्क