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Bihar Matric Exam को लेकर बड़ा फैसला, नकल करने वालों को नहीं होगी जेल

Prateek Saini

Publish: Feb 11, 2020 16:29 PM | Updated: Feb 11, 2020 16:29 PM

Patna

Bihar Matric Exam: सीआईडी के पत्र में इस बात का जिक्र है कि पहले अवैध तरीके अपनाने वाले छात्रों के खिलाफ (Bihar Police) पुलिस के समक्ष प्रस्तुत करने से संबंधित शिकायतें आती (Bihar News) रही थीं। (BSEB 10th Exam) ऐसे (Bihar Matric Exam 2020) छात्रों (BIhar Board Matric Exam 2020) को...

(पटना): इस माह की 17 तारीख से बिहार में मैट्रिक की परीक्षा शुरु होने जा रही है। सभी विद्यार्थी परीक्षा की तैयारियों में जुटे हुए है। इसी बीच एक बड़ी ख़बर सामने आई है। बिहार पुलिस मुख्यालय की ओर से परीक्षा को लेकर विशेष निर्देश जारी किए गए हैं।

 

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नकल करने वालों को हिरासत नहीं...

निर्देश के अनुसार मैट्रिक परीक्षा में नकल करने या अवैध तरीके अपनाने वाले परीक्षार्थियों को हिरासत में नहीं लिया जाएगा। साथ ही उन पर प्राथमिकी दर्ज़ करने और जेल भेजने पर भी रोक लगाई गई है। ऐसे परिक्षार्थियों को विशेष किशोर पुलिस इकाई या बाल कल्याण पुलिस पदाधिकारी को अग्रसारित किया जाएगा। ऐसे छात्रों की सामाजिक पृष्ठभूमि रिपोर्ट तैयार की जाएगी। इनमें यह लिखा जाएगा कि पकड़े ग्रे छात्रों को किन परिस्थितियों में डिटेन किया गया है। फिर इन्हें किशोर न्याय समिति, जेजे बोर्ड के समक्ष पेश किया जाएगा।


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इस वजह से उठाया गया यह कदम...

सीआईडी अधिकारी के अनुसार ऐसे छात्रों को विधि विरुद्ध बालक कहा जाएगा। इनके विरुद्ध किशोर न्याय अधिनियम 2015 और किशोर न्याय नियमावली 2016 लागू होगी। इसके अनुसार ऐसे 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को नियम विरुद्ध बालक करार दिया जाएगा। इसी के तहत यह नियम है कि ऐसे बच्चों को हिरासत में नहीं रखा जाएगा। इन्हें न तो पुलिस और न ही न्यायिक दंडाधिकारी के समक्ष पेश किया जाएगा। सीआईडी के पत्र में इस बात का जिक्र है कि पहले अवैध तरीके अपनाने वाले छात्रों के खिलाफ पुलिस के समक्ष प्रस्तुत करने से संबंधित शिकायतें आती रही थीं। ऐसे छात्रों को पुलिस के हवाले कर दिया जाता था। नाबालिग छात्रों को बालिग बताकर हथकड़ी लगाकर जेल भेज दिया जाता था। इस तरह के मामलों पर विराम लगाने के लिए यह फैसला लिया गया है।

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