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तेज बारिश के बाद बिगड़ी फसले

Mahendra Kumar Upadhyay

Publish: Sep 19, 2019 11:02 AM | Updated: Sep 19, 2019 11:02 AM

Neemuch

- सब्जी के भी हुए दोगुने दाम
- हरी सब्जी की हुई आवक मंडी में कम

नीमच। मौसम परिवर्तित होते ही सब्जियों के दामों में जबरदस्त उछाल आया है। कई सब्जियों के दाम जहां तीन गुना तक महंगे हो गए हैं तो सर्दियों के मौसम में सस्ती बिकने वाली सब्जियां दो गुने दामों तक पहुंच गई हैं। चार महीने पहले आलू से लेकर मटर, फूलगोभी, पत्तागोभी, टमाटर सहित आदि सब्जियों की आवक अधिक होने से ग्राहकों को सस्ते दामों में मिल रही थीं। ज्यादातर सब्जियां दस से पंद्रह रुपए प्रति केजी के भाव से बेची जा रही थीं। लेकिन आलू को छोड़कर बाकी सब्जियों की आवक घटने से लगातार दामों में इजाफा हो रहा है।

सब्जियों के बढ़ गए दाम, बैगन और गोभी 40 रुपए
वर्तमान में सब्जियों के दामों को देखा जाए तो फूलगोभी 50 से 60, पालक 30 से 40, बैगन 40 रुपए, लौकी 20 से 25, तोरई 30 से 35, टमाटर 40, आलू 15, सेम 60, अदरक 120, प्याज 15 से 20 रुपए किलो के दामों में बेची जा रही है। पहले की अपेक्षा अब ग्राहक सब्जी की खरीदारी में कम रुचि दिखा रहे हैं। ज्यादातर लोग सब्जी महंगी होने से हरी सब्जियों की अपेक्षा दाल व अन्य सब्जियों पर निर्भर होने लगे हैं। वहीं सब्जी व्यापारियों का मानना है कि लगातार बारिश के कारण खेतों में पानी भर गया है और सब्जी खराब हो गई है। वहीं पानी उतरने के बाद भी सब्जी सड़ गई है। जिससे सब्जी की आवक बाजार में कम हो गई है।

आसमान छू रहे दाम
सब्जी व्यापारी टीकमचंद माली ने बताया कि इस समय सब्जियों के दाम आसमान में है। 15 रुपये प्रति किग्रा बिकने वाली भिंडी भाव ४0 रुपये में बिक रही है। इसी प्रकार तोरी व घीया का रेट पर क्रमश तीस से 40 रुपये में बिक रही है। यहां तक की 10 रुपये प्रति किग्रा की हरी मिर्च भी 30 रुपये प्रति किग्रा पर बनी हुई है। इससे रसोई का बजट तीन गुणा तक बढ़ गया है। गांवों में लगभग एक हजार एकड़ में सब्जियां विशेष कर घीया, तोरी, भिंडी, हरी मिर्च, खीरा, पेठा आदि की खेती की जाती है। बारिश के मौसम के कारण सभी बिगड़ गई है।