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Mumbai Chaturmas : ठाणे जैन मंदिर में लघु शांति सत्व तप शुरू

Binod Pandey

Publish: Jul 20, 2019 17:02 PM | Updated: Jul 20, 2019 17:02 PM

Mumbai

  • आचार्य श्रीमद विजय चिदानंद सूरीश्वर ने कहा कि चातुर्मास का पर्व अब आरंभ हो चुका है। अब हमें तप और त्याग में जुट जाना चाहिए
  • चातुर्मास में लघुसत्व तप करके कर्म निर्जरा करेंगे
  • तप 34 दिन तक चलेगा

ठाणे. ठाणे शहर स्थित जैन मंदिर में ट्रस्ट की ओर से आयोजित चातुर्मास का आयोजन धूमधाम से मनाया जा रहा है। इस चातुर्मास पर्व पर जैन मंदिर में चल रहे प्रवचन से गुरुदेव की वाणी सुनकर सभागृह में भक्त भावविभोर हो गए। आचार्य श्रीमद विजय चिदानंद सूरीश्वर ने कहा कि चातुर्मास का पर्व अब आरंभ हो चुका है। अब हमें तप और त्याग में जुट जाना चाहिए। इस तप से हमारी आत्मा पर लगे हुए निकाचित कर्म को तोडऩे के लिए तप-धर्म जरूरी है। तप से आत्मा की शुद्धि होती है। गुरुदेव ने कहा कि इस बार हम चातुर्मास में लघुसत्व तप करके कर्म निर्जरा करेंगे। इस शांति पाठ के जरिए हमारे जीवन में भी सुख-सौभाग्य और शांति की प्राप्ति होगी। यह तप 34 दिन तक चलेगा। शुक्रवार से इस तपस्या की शुरुआत कर दी गई। तपस्या में एक दिन उपवास व एक दिन एकाशना करते हुए 34 दिनों में यह तप पूर्ण किया जाएगा।


जय वियराई सूत्र का रहस्य
गुरुदेव ने जय वियराई सूत्र के बारे में बताते हुए कहा कि हम सभी हमारे जीवन में प्रतिदिन प्रभु की पूजा-अर्चना करते हंै। साथ ही प्रतिदिन कुछ प्रार्थनाएं भी करते हैं। जय वियराई सूत्र में प्रभु से कुल 13 तरह की प्रार्थनाएं करते हैं। आनेवाले चातुर्मास में एक-एक कर हम सभी प्रार्थनाओं का विश्लेषण करेंगे। शुक्रवार को प्रणिधान ग्रंथ का वंचन भी शुरू किया गया। चातुर्मास के आनेवाले दिनों में इसका भी विश्लेषण किया जाएगा। महिलाओं के लिए भी शिविर का आयोजन शुरू हो रहा है। रविवार से 5 से 15 वर्ष की उम्र के बच्चों के लिए भी शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर ट्रस्ट के अध्यक्ष उत्तमचंद सोलंकी, उदयकुमार परमार, रमेशकुमार परमार, उत्तमचंद ढेलरियाबोरा, संपतराज कंकुचौपडा, शांतीलाल रूपचंद पारेख, नेमीचंद खीमचंद जिजावत, महावीरचंद देवीचंद पुनमिया, सुकनराज गुलाबचंद परमार, प्रकाशकुमार छगनराज पुनमिया, वसंतकुमार छोगमल राठौड़, सुरेशकुमार फूलचंद छाजेड़, मुकेश जीवावंत, वसंत जैन, प्रकाश जैन, सुरेश छाजेड़ आदि मौजूद रहे।