स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

बिजली बिल की नई दरें बनी पहेली

Mangal Singh Thakur

Publish: Aug 21, 2019 17:10 PM | Updated: Aug 21, 2019 17:10 PM

Mandla

एक महीने में लागू हो रहीं दो अलग अलग दरें

मंडला. प्रदेश में बिजली की नई दरें लागू हो गईं हैं। ये दरें लागू की गई हैं 17 अगस्त से। सितंबर 2019 में उपभोक्ताओं को नई दरें के मुताबिक बिल मिलेगा। विभागीय जानकारी के मुताबिक, इस बार औसतन 7 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। यानि प्रति यूनिट 20 से 35 पैसे की बढ़ी है। खास बात यह है कि नई दरें 17 अगस्त से लागू कर दी गई हैं। ऐसे में अगस्त के 16 दिनों की गणना कैसे होगी इसका अधिकारियों के पास भी जवाब नहीं है? यही कारण है कि यह प्रश्न जिले के लाखों उपभोक्ताओं के लिए पहेली बना हुआ है।
आमतौर पर बिजली कंपनियां मीटर रीडिंग महीने के अंत में या फिर अगले महीने की शुरुआत में करवाती हैं। ऐसी स्थिति में जहां मीटर रीडिंग अगस्त के अंत में या सितंबर के शुरुआती दिनों में होगी, वहां की बिलिंग को लेकर असमंजस की स्थिति है। गौरतलब है कि जिले भर में बिजली उपभोक्ताओं की संख्या लगभग 2.10 लाख है और बिजली बिल की इन बढ़ी दरों से ये सभी प्रभावित होंगे।
एक महीने में दो दरें
यदि किसी उपभोक्ता के अगस्त महीने के खपत की यूनिट 100 होगी तो इसमें कितनी यूनिट उपभोक्ता ने 16 अगस्त तक खर्च की और कितनी यूनिट बिजली 17 अगस्त से खपत की? इसे बिजली विभाग का सॉफ्टवेयर कैसे वेरिफाई करेगा? इस प्रश्न का उत्तर विभागीय अधिकारियों के पास भी फिलहाल नहीं है। जानकारों का कहना है कि यह भी संभव है कि महीने के शुुरुआती दिनों में सैकड़ों उपभोक्ताओं ने किसी न किसी कारण से अधिक बिजली खपत नहीं की और ऐसे उपभोक्ता भी होंगे जिन्होंने महीने के अंतिम दिनों में अधिक बिजली खपत की। ऐसे में किसी एक मापदंड के जरिए बिजली बिल का निर्धारण होने पर हजारों उपभोक्ताओं के ठगे जाने की भी आशंका है क्योंकि कम खपत करने के बावजूद उन्हें अधिक बिल भुगतान करना पड़ सकता है।
महंगी हो गई 350 यूनिट की खपत
जानकारी के अनुसार, 350 यूनिट की बिल राशि 2875 रुपए नई टैरिफ के हिसाब से प्रति यूनिट में 20 से 35 पैसे की वृद्धि की गई है। जो उपभोक्ता 350 यूनिट तक बिजली की खपत करते हैं, उनका बिल 2875 रुपए आएगा। पिछली टैरिफ के मुकाबले यह करीब डेढ़ सौ रुपए अधिक होगा। इसकी वजह एनर्जी चार्ज और फिक्स चार्ज में बढ़ोतरी होना है। बिजली कंपनियां अगस्त के शुरुआती 16 दिनों में बिजली की खपत की गणना कैसे करेंगी। मध्य क्षेत्र कंपनी के अधिकारियों के मुताबिक सॉफ्टवेयर गणना करेगा कि पुरानी दर के हिसाब से कितनी खपत हुई और नई दर लागू होने के बाद कितनी बिजली का उपभोग किया। महीने की कुल खपत में से सॉफ्टवेयर को कैसे पता चलेगा कि अगस्त के 16 दिनों में किसी उपभोक्ता ने कितनी बिजली उपयोग की है? इसका जवाब देने में अधिकारी टालमटोल कर रहे हैं।


  • फैक्ट फाइल
    2.10 लाख- बिजली उपभोक्ता
    20-35 पैसे- दरों में वृद्धि
    0-50 यूनिट- 405 पैसे प्रति यूनिट
    51- 150 यूनिट- 495 पैसे प्रति यूनिट
    151-300 यूनिट- 630 पैसे प्रति यूनिट
    300 यूनिट से अधिक- 650 पैसे प्रति यूनिट

वर्जन: बिल में यूनिट और बढ़ी हुई दरों का निर्धारण सॉफ्टवेयर की मदद से किया जाएगा। सॉफ्टवेयर कैसे काम करेगा, इस पर तकनीकी शाखा द्वारा तैयारियां की जा रही हैं।
राजेंद्र चौरसिया, कार्यपालन अभियंता, एमपीईबी, मंडला।