स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

लुधियाना बाल सुधार गृह से दो बाल कैदी फरार

Shankar Sharma

Publish: Jan 10, 2018 22:53 PM | Updated: Jan 10, 2018 22:53 PM

Ludhiana

पंजाब के लुधियाना स्थित बाल सुधार गृह से बीती रात दो बाल कैदी फरार हो गए। पुलिस ने फरार बाल कैदियों की तलाश शुरू कर दी है

चंडीगढ़। पंजाब के लुधियाना स्थित बाल सुधार गृह से बीती रात दो बाल कैदी फरार हो गए। पुलिस ने फरार बाल कैदियों की तलाश शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार फरार हुआ एक बाल कैदी 15 वर्ष तो दूसरा 16 वर्ष का था। जसवंत सिंह और विकास कुमार नामक दोनों बाल कैदी चोरी के केस में जेल में बंद थे। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बाल जेल की पहली मंजिल पर बने सुधार गृह में बंद दोनों बाल कैदी आज सुबह अपनी बैरक से गायब मिले।

जेल स्टाफ ने देखा कि जेल की सलाखें टूटी हुई थी। घटना की सूचना मिलते ही एसडीएम दमनप्रीत सिंह व पुलिस के आला अधिकारियों ने घटनास्थल का दौरा किया। एसडीएम ने बताया कि आरोपी पहली मंजिल पर लोह की रॉड काटकर तार के सहारे नीचे उतरे और फरार हो गए। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि जेल में लगा सीसीटीवी कैमरा भी काम नहीं कर रहा था। जिसके चलते जांच में कामयाबी नहीं मिल रही है। बहरहाल पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।

बठिंडा जेल में बंद कैदी की टीबी से मौत, दो दिन में दूसरी घटना
पंजाब के बठिंडा स्थित केंद्रीय कारागार में बीती रात एक कैदी की मौत हो गई। मृतक कैदी टीबी की बीमारी का शिकार था। बठिंडा जेल में दो दिन के भीतर यह दूसरा मौका है जब किसी कैदी की टीबी के कारण मौत हुई है। बठिंडा जेल में कैदियों को टीबी तथा अन्य गंभीर बीमारियां होने की खबरें कई माह से आ रहे हैं लेकिन प्रशासनिक अधिकारी इसे शुरू से ही खारिज कर रहे हैं।


जानकारी के अनुसार बठिंडा केंद्रीय जेल में बच्चे से छेड़छाड़ के दोष में बंद कैदी राजवंत सिंह कई दिनों से बीमार चल रहा था। मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बांदा निवासी राजवंत सिंह पूर्व सैनिक था और बठिंड कैंट क्षेत्र में तैनाती के दौरान ही उसने एक बच्चे का यौन उत्पीडऩ किया था। राजवंत की बीती रात अचानक तबीयत बिगडऩे के बाद जेल के चिकित्सकों द्वारा उसकी जांच की गई। जांच के दौरान चिकित्सकों ने राजवंत को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने जांच के बाद शव परिजनों के हवाले कर दिया है। इससे पहले इसी जेल में बंद गांव बादल निवासी 85 वर्षीय हरदेव सिंह की भी टीबी की बीमारी के कारण मौत हुई थी।