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कोटा के डॉक्टरों ने किया कमाल, कर दिया दुर्लभ ऑपरेशन, महिला स्वस्थ

Mukesh Gaur

Publish: Sep 19, 2019 17:57 PM | Updated: Sep 19, 2019 17:57 PM

Kota

संभाग में पहली है ये जन्मजात विकृति की सर्जरी

कोटा. शहर की पहचान यूं तो कोचिंग नगरी, एजूकेशन सिटी के नाम से है पर अब ये शहर चिकित्सा और मेडिकल के क्षेत्र में नाम ऊंचा करने के लिए भी तैयार दिखता है। दरअसल, शहर के एक निजी अस्पताल में डॉक्टरों ने कुृछ ऐसा ही किया है। बहुत ही दुर्लभ और जटिल माने जाने वाली कोलीडोकल सिस्ट बीमारी से पीडि़त महिला का सफल ऑपरेशन इसका उदाहरण है। अब यह महिला पूरी तरह से स्वस्थ है।
जानकारी के अनुसार कोटा हार्ट एवं श्रीजी हॉस्पिटल में एक महिला की जटिल सर्जरी की। सर्जिकल गेस्ट्रोएन्टिरोलॉजिस्ट डॉ. कैलाश धाकड़ ने बताया कि झालावाड़ जिले के बोरखेड़ी गांव निवासी एक 45 वर्षीय महिला जन्मजात पित्ताशय एवं पित्त नली में गिठान (कोलीडोकल सिस्ट) के कारण पेट-दर्द, तीव्र बुखार एवं पीलिया से ग्रसित थी। उसकी जटिल सर्जरी की गई। 8 सितम्बर को उसका ऑपरेशन कर उसके पित्त एवं भोजन का नया रास्ता बनाया गया। अति दुर्लभ एवं कोटा संभाग का पहला ऑपरेशन है। बिना किसी जीवन रक्षक उपकरण एवं दवाइयों के मरीज अपनी दिनचर्या में फिर से लौट आई है। आमतौर पर ऐसे केस में मरीज लम्बे समय तक गहन चिकित्सा इकाई में रहता है। जटिल ऑपरेशन होने से अक्सर मरीज को वेंटीलेटर की भी जरूरत पड़ सकती है। दुबलापन, पीलिया एवं लीवर की कमजोरी की वजह से रोगों से लडऩे की क्षमता कम हो जाती है। इससे न्यूमोनिया, पेट में संक्रमण का खतरा रहता है। मरीज को जीवन रक्षक दवाइयों एवं गुर्दे के डायलिसिस इत्यादि की भी जरूरत पड़ सकती है, लेकिन इस केस में ऐसा नहीं हुआ है।