स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

वेतनमान से करोड़ों का आएगा भार, एरियर राशि भुगतान पर रार-तकरार

Amit Jaiswal

Publish: Jan 29, 2020 12:59 PM | Updated: Jan 29, 2020 12:59 PM

Khandwa

गुस्सा : 7वें वेतनमान के एरियर्स को लेकर निगमकर्मियों ने ऑडिट का किया घेराव

खंडवा. नगर निगम की वित्तीय स्थिति कमजोर है और ऐसे में 7वें वेतनमान के एरियर्स के भुगतान में करोड़ों रुपए का भार पडऩे का अनुमान है। लेकिन इस बीच एरियर्स भुगतान में भेदभाव के आरोप लगे हैं। निगमकर्मियों ने ऑडिट विभाग का घेराव कर सवाल खड़ा कर दिया कि जब सफाई वालों को दे रहे हैं तो फिर सामान्य वालों के साथ भेदभाव क्यों?

निगम के सामान्य प्रशासन के कर्मचारियों ने मंगलवार दोपहर ऑडिट विभाग का घेराव किया। यहां सहायक संपरीक्षक राजेश सिंह से इन्होंने सवाल किए। पूछा- 7वें वेतनमान का एरियर देने में क्यों लेतलतीफी की जा रही है। आक्रोश व्यक्त कर रहे कर्मचारियों ने कहा कि सफाईकर्मियों को दो-दो किस्त हो गई, हमें उससे दिक्कत नहीं है, लेकिन हम लोगों को भी एक-एक किस्त तो मिलना चाहिए। इस पर सहायक संपरीक्षक सिंह ने जवाब दिया कि आप लोग यहां जो बात कह रहे हो, लेकिन अपने विभाग से भी तो बात करो कि कार्रवाई सही करे तो हमें किस्त देने में कोई दिक्कत ही नहीं है। आप यहां आकर दबाव बना रहे हैं, विभाग में जाकर तो बात करो। कर्मचारियों ने कहा कि दबाव नहीं बना रहे हैं। सफाई अमले को एरियर राशि का भुगतान किए जाने पर बात छिड़ी तो सहायक संपरीक्षक सिंह ने कहा कि स्वच्छता सर्वेक्षण का काम चल रहा था, वो प्रभावित न हो, इसलिए वो करते गए। इस बीच कर्मचारियों ने फाइल लाकर भी दिखाई। जिसके बाद फिर कहा कि अध्यक्ष की साइन ले आओ तो फाइल आगे बढ़े। कर्मचारियों ने कहा- हम उनके घर गए थे तो वो कोर्ट गए हुए हैं। अभी सैलेरी के बिल आ जाएंगे, फिर कहोगे कि एरियर से पहले ये भुगतान जरूरी है।

हमें दिक्कत नहीं, निगम को करना है भुगतान
ऑडिट को दिक्कत नहीं है, भुगतान तो निगम को ही करना है। निगम की आर्थिक स्थिति पर निर्भर है। वो ही तय करेंगे, क्योंकि एरियर के लिए शासन ने निगम को अधिकृत किया है, राशि उन्हें देना है। संभवत: ज्यादा राशि हो रही होगी।
अरुण शुक्ला, मुख्य संपरीक्षक, ननि

ऑडिट से हो रही लेटलतीफी
वित्त विभाग ने निर्देश जारी किए हैं कि 7वें वेतनमान की एरियर राशि देना है तो फिर उसमें किसी प्रकार की कोई शंका-कुशंका नहीं है। सफाईकर्मियों के लिए हमने कोई अलग से नहीं कहा है। ऑडिट से ही इसमें लेटलतीफी हो रही है।
हिमांशु सिंह, आयुक्त, नगर निगम

[MORE_ADVERTISE1]