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रेलवे स्टेशन को आईएसओ का दर्जा लेने की कवायद

Anil dattatrey

Publish: Sep 10, 2019 22:58 PM | Updated: Sep 10, 2019 22:58 PM

Karauli

Exercise of railway station to get ISO status.Railway station and circulating area will be eco friendly. Independent survey team inspected Hindouncity railway station.Eight railway stations of Kota rail mandal selected in West Central Railway Zone, Jabalpur

-ईको फ्रेंडली बनेगा रेलवे स्टेशन और सर्कूलेटिंग एरिया. स्वतंत्र सर्वे टीम ने किया हिण्डौनसिटी रेलवे स्टेशन का निरीक्षण. पश्चिम-मध्य रेलवे जोन जबलपुर में कोटा मण्डल के आठ रेलवे स्टेशन का किया चयन

हिण्डौनसिटी. आय के पैमाने पर कोटा रेल मंडल में टॉप लिस्ट में शुमार हिण्डौन रेलवे स्टेशन को अब आईएसओ का तमगा दिलाने की तैयारी कर रही है। सुविधा और संसाधन विकसित कर रेलवे स्टेशन को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बनाया जाएगा। भारतीय रेलवे द्वारा शुरू की गई कवायद के तहत गत दिनों स्वतंंत्र सर्वे कम्पनी के अधिकारियों ने रेलवे स्टेशन का निरीक्षण कर तैयारियों का रोडमैप तैयार किया गया।


भारतीय रेलवे ने देश के 370 रेलवे स्टेशनों को राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) के निर्देश पर रेलवे स्टेशन को हरा भरा बना ईको फे्रन्डली बना स्वच्छता सहित अन्य मानकों पर आईएसओ (अंतरराष्ट्रीय मानकीकरण संगठन) प्रमाणन कराया जाएगा। इसके लिए हिण्डौनसिटी सहित कोटा मण्डल के आठ रेलवे स्टेशनों को चुना गया है। एनजीटी के निर्देश पर रेलवे अधिकारियों ने स्टेशनों को आईएसओ मानकों के अनुसार सांवरने की तैयारियां शुरू कर दी है।
रेलवे सूत्रों के अनुसार नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के आदेशों के पालन के लिए रेलवे ने कोटा मण्डल के आठ रेलवे स्टेशनों का चयन किया है। जिनमें ए-1श्रेणी का कोटा जंक्शन व सवाईमाधोपुर, भरतपुर, गंगापुरसिटी, बूंदी, डकनिया तालाब सहित बी श्रेणी का हिण्डौनसिटी रेलवे स्टेशन भी शामिल है। स्टेशन अधीक्षक गजानंद गुप्ता ने बताया कि आईएसओ मानकों के अनुरूप स्टेशन पर तैयारी के लिए बीते दिवस नई दिल्ली की थर्ड पार्टी (स्वतंत्र सर्वे एजेंसी) इंटरनेशनल एक्यूरेट सर्टिफिकेशन के अधिकारी अनुभव सागर कौशिक ने स्टेशन का निरीक्षण कर स्थानीय रेल अधिकारियों के साथ बैठक कर कार्ययोजना तैयार की। साथ ही एक रिव्यू कमेटी को गठन भी किया गया। जो तैयारियों को आईएसओ प्रमाणीकरण लायक बनना सुनिश्चित करेगी।


तीन माह करेंगे तैयारी फिर होगा सर्वे-
रेलवे सूत्रों के बताया कि आईएसओ प्रमाणन के लिए पर्यावरण स्वच्छता और ग्रीनरी को आधार बना तीन माह तक तैयारी की जाएगी। इससे सफाई और कचरा निस्तारण पर विशेष जोर दिया जाएगा। तैयारियों को पूरा ेकरने के लिए मुख्य बुकिंग एवं पार्सल सुपरवाईजर विनोद कुमार गोयल की अध्यक्षता में मैनेजमेंंट रिव्यू कमेटी बनाई गई है। इसमें स्टेशन अधीक्षक गजानंद गुप्ता, आरपीएफ उपनिरीक्षक गोर्धनसिंह चाहर, बयाना निर्माण निरीक्षक, बयाना के वरिष्ठ खण्ड अभियंता (पॉवर) को शामिल किया गया है। तय अवधि के बाद स्वतंत्र एजेंसी द्वारा सर्वे निरीक्षण कर गे्रडिंग की रिपोर्ट अंतरराष्ट्रीय मानक संगठन आईएसओ को दी जाएगी।


कैमरों से होगी निगरानी-
रेलवे स्टेशन पर आईएसओ की तैयारी के दौरान गंदगी फैलाने वालों पर कैमरों से नजर रखी जाएगी। इसके लिए स्टेशन परिसर में सीसी टीवी कैमर लगा आरपीएफ चौकी में कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा। ताकि कचरा फैलाने वाले व्यक्ति पर तुरंत कार्रवाई की जुर्माना वसूल किया जाएगा। फिलहाल एनजीटी के निर्देश पर गंदी फैलाने वालों को जुर्माने दंडित किया जा रहा है।



शुरु कर दी हैं तैयारियां
हिण्डौनसिटी रेलवे स्टेशन को ईको फे्रन्डली और आईएसओ सर्वे के लिए चयनित किया है। थर्ड पार्टी सर्वे के बाद तीन महिने के रोडमैप के आधार पर तैयारियां शुुरू कर दी गई हैं।
-गजानंद गुुप्ता, अधीक्षक
रेलवे स्टेशन हिण्डौन सिटी, पमरे कोटा मण्डल।