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जालोर की जलंधरनाथ धर्मशाला में शुरू हुई भागवत कथा, पहले दिन कथावाचक ने ये कहा

Dharmendra Ramawat

Publish: Jul 19, 2019 11:17 AM | Updated: Jul 19, 2019 11:17 AM

Jalore

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जालोर. शहर के तिलक द्वार स्थित जलंधरनाथ धर्मशाला में गुरुवार को महंत गंगानाथ महाराज के सान्निध्य में भागवत कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। इससे पहले भैरूनाथ अखाड़ा से गाजे-बाजे के साथ संत आनंदनाथ व प्रेमनाथ महाराज पोथी को सिर पर रखकर पीर शांतिनाथ महाराज के जयकारे लगाते हुए जलंधरनाथ धर्मशाला पहुंचे।
यहां विधिवत रूप से पूजा अर्चना के बाद कथा का शुभारंभ किया गया। भैरूनाथ अखाड़ा के प्रवक्ता अम्बालाल माली ने बताया कि यह कथा श्रावण मास में एक महीने तक चलेगी। वहीं कथा का समय दोपहर 2 से शाम पांच बजे तक का रहेगा। गुरुवार को पहले दिन थराद गुजरात के कथा वाचक रणछोडऱाय महाराज ने श्रावण मास में कथा का महत्व बताते हुए कहा कि श्रावण मास में कथा करने से भगवान शिव भक्तों पर प्रसन्न रहते हैं। इस महीने में कथा करने और सुनने से बारह मास में जो पुण्य नहीं मिलता है वह प्राप्त होता है। कथा के पहले दिन काफी संख्या में महिला-पुरुष पहुंचे। इस मौके भैरूनाथ अखाड़ा के व्यवस्थापक पारसमल परमार, नवीन सुथार, मीठालाल दर्जी, नैनाराम लोहार, ओबाराम देवासी, कनिष्क चौधरी, बंशीलाल खवास, भैरूसिंह गुर्जर, उमाकांत गुप्ता, पप्पू सोनी, लक्ष्मणसिंह मेवाड़ा, सादुलाराम घांची, खसाराम सांखला, गजाराम देवासी समेत कई जने मौजूद थे।