स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

एमबीबीएस प्रथम वर्ष के छात्र से रैगिंग, एसएमएस मेडिकल कॉलेज के सात छात्र निलंबित

Ankit Dhaka

Publish: Oct 23, 2019 01:48 AM | Updated: Oct 23, 2019 01:48 AM

Jaipur

jaiputछात्र ने मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया को ईमेल से की थी शिकायत

जयपुर. राजधानी जयपुर के सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज में प्रथम वर्ष एमबीबीएस छात्र के साथ रैगिंग का मामला सामने आया है। इसका खुलासा पीडि़त छात्र की शिकायत से हुआ है। छात्र ने शनिवार को मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया एमसीआई को ईमेल से शिकायत कर उसके साथ रैगिंग का आरोप लगाया था। कॉलेज प्रशासन को इसकी जानकारी मिलते ही प्रशासन सकते में आ गया। गौरतलब है कि कॉलेज में भी एंटी रैगिंग कमेटी बनाई। लेकिन छात्र ने इसकी शिकायत एमसीआई को ही की। कॉलेज प्रशासन की कमेटी ने दोनों पक्षों के बयान लिए और तत्काल सात छात्रों को अग्रिम आदेशों तक निलंबित कर दिया है। वहीं इन्हें एसके मेनन हॉस्टल से भी निष्काषित कर दिया गया है।
बताया जा रहा है कि पीडि़त छात्र के कॉलेज कमेटी ने बयान लिया। जिसमें उसके साथ सीनियर्स की ओर से अपशब्दों का इस्तेमाल करने के आरोप भी लगाए। निलंबित छात्रों में वर्ष 2017 बैच और वर्ष 2018 बेच के छात्र शामिल हैं। बताया जा रहा है कि हॉस्टल के गेट पर पीडि़त छात्र को रोका गया और कथित तौर पर मारपीट की गई, उसके बाद गार्डन् में ले जाकर दुव्र्यवहार किया गया।

पहले भी आए रैगिंग के मामले सामने
इसी साल अगस्त माह में भीलवाड़ा मेडिकल कॉलेज में एक छात्रा के साथ रैगिंग का मामला सामने आया, जिसमें 15 छात्राओं को निलंबित कर दिया गया था इसी साल सितंबर माह में भरतपुर मेडिकल कॉलेज में भी एक छात्र के साथ रैगिंग का मामला सामने आया अगस्त माह में चूरू में र्निसंग छात्र के साथ रैगिंग का मामला सामने आया अप्रेल 2018 में एसएमएस मेडिकल कॉलेज में ही कॉलेज के पीजी स्टूडेंटस ने अपने ही साथियों पर मारपीट व रैगिंग का आरोप लगाया था एसएमएस मेडिकल कॉलेज में करीब 10 साल पहले भी रैगिंग का बड़ा मामला सामने आया था, उस समय भी करीब 15 से अधिक विद्र्यािथयों को निलंबित कर दिया गया था

पूरी तरह प्रतिबंधित है रैगिंग
सर्वोच्च न्यायालय, मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया, विश्वविद्यालय अनुदान आयोग और राजस्थान स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय की ओर से रैगिंग पूरी तरह प्रतिबंधित है। सभी आरोपित विद्र्यािथयों को अग्रिम आदेशों तक निलंबित कर दिया गया है। उन्हें हॉस्टल से भी निष्काषित कर दिया गया है।

डॉ.सुधीर भंडारी, प्राचार्य, सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज