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Walmart पर 1,964 करोड़ का जुर्माना, भारत-चीन जैसे देशों में रिश्वत खिलाने का आरोप

Shivani Sharma

Publish: Jun 21, 2019 15:41 PM | Updated: Jun 21, 2019 20:50 PM

Industry

  • Walmart पर अमरीकी सरकार ने लगाया आरोप
  • कंपनी जुर्माना चुकाने को हो गई तैयार
  • Walmart कर रही थी 10 साल से नियमों की अनदेखी

नई दिल्ली। रिटेल सेक्टर ( Retail Sector) की दिग्गज अमरीकी कंपनी वॉलमार्ट ( Walmart ) पर नियमों के उल्लंघन का आरोप लगा है। यह आरोप अमरीकी सरकार ( American Govt ) द्वारा लगाया गया है। वॉलमार्ट पर यह जुर्माना 1,964 करोड़ रुपए (28.2 करोड़ डॉलर) का है, जिसे कंपनी को जल्द ही चुकाना होगा। इस मामले को निपटाने के लिए कंपनी जुर्माना देने के लिए तैयार हो गई है।

कंपनी पर घूस देने का लगा था आरोप

कंपनी ने बताया कि यह जुर्माना अमरीकी प्रतिभूति बोर्ड द्वारा लगाया गया है। कंपनी पर सात साल पहले आरोप लगा था कि वो विदेशों में कारोबार शुरू करने के लिए अधिकारियों को घूस देती है।

वॉलमार्ट को भारत, चीन, मैक्सिको और ब्राजील में कारोबार चलाने के लिए अमरीका के भ्रष्टाचार-रोधी नियमों का उल्लंघन करने का दोषी ठहराया गया है।

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SEC ने दी जानकारी

अमरीकी प्रतिभूति एवं विनिमय आयोग (SEC) के मुताबिक, नियमों का उल्लंघन वॉलमार्ट के बिचौलियों ने किया। बिचौलियों ने बिना उचित मंजूरी के दूसरे देश के सरकारी अधिकारियों को भुगतान किया।

विदेशी भ्रष्ट व्यवहार कानून (FCPA) या एफसीपीए के तहत मंजूरी लेना जरूरी होता है। प्रतिभूति आयोग ने वॉलमार्ट पर एफसीपीए के नियमों का उल्लंघन करने का मामला दर्ज किया है।

कंपनी पिछले 10 सालों से नियमों का कर रही थी उल्लंघन

कंपनी 10 साल से ज्यादा समय तक भ्रष्टाचार-रोधी अनुपालन कार्यक्रम संचालित करने में विफल रही। इस दौरान कंपनी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तेजी से विस्तार किया।

आयोग ने कहा कि वॉलमार्ट एसईसी के मामले का निपटान करने के लिए 14.4 करोड़ डॉलर और आपराधिक मुकदमों को समाप्त करने के लिए करीब 13.8 करोड़ डॉलर देने को तैयार है।

इस तरह कुल रकम 28.2 करोड़ डॉलर बैठेगी। प्रतिभूति एवं विनिमय आयोग के प्रवर्तन विभाग के एफसीपीए इकाई के प्रमुख चार्ल्स कैन ने कहा, "वॉलमार्ट ने नियमों अंतरराष्ट्रीय स्तर कारोबार की वृद्धि और खर्चों में कमी को के अनुपालन से ज्यादा महत्व दिया। "

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