स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

एमआरआई मशीन में डाल मरीज को निकालना भूल गए डॉक्टर्स, हॉस्पिटल ने मरीज को ही ठहराया जिम्मेदार

Soma Roy

Publish: Sep 23, 2019 13:32 PM | Updated: Sep 23, 2019 13:32 PM

Hot on Web

  • हरियाणा के पंचकुला का है मामला, मरीज ने लगाया आरोप
  • डॉक्टर्स के मुताबिक मरीज के हिलने की वजह से हुई गड़बड़

नई दिल्ली। डॉक्टरों की लापरवाही के किस्से आए दिन सुनने को मिलते हैं। एक ऐसा ही मामला हरियाणा के पंचकूला का सामने आया है जहां डॉक्टरों पर मरीज को एमआरआई मशीन में डालकर उसे निकालना भूल जाने की बात सामने आई है। इस सिलसिले में मरीज ने स्वास्थ विभाग से शिकयत भी की है। हालांकि हॉस्पिटल प्रशासन अपने बचाव के लिए पीड़ित को ही जिम्मेदार ठहराया है।

मामला पंचकुला के सेक्टर 6 का है। बताया जाता है 59 साल के राम मेहर अपने खराब स्वास्थ की जांच के लिए पास के एक अस्पताल पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने उनकी स्कैनिंग के लिए एमआरआई कराने को कहा। इसके लिए उन्हें मशीन के अंदर डाला गया। मगर हैरानी की बात तो यह है कि डॉक्टर्स मरीज को मशीन से बाहर निकालना ही भूल गए। ऐसे में पेशेंट ने खुद दम लगाकर मशीन की बेल्ट तोड़ी और बाहर निकल आए।

मरीज राम मेहर के मुताबिक काफी समय बीत जाने के बावजूद उन्हें मशीन से नहीं निकाला गया। ऐसे में उनका दम घुटने लगा था। ये देख उन्होंने खुद ही इससे बाहर आने का फैसला लिया, लेकिन मशीन में लगी बेल्ट से बंधे होने के चलते वो बाहर नहीं आ पा रहे थे। मगर काफी कोशिशों के बाद वे किसी तरह बाहर निकल आए। बुजुर्ग का कहना है कि अगर वो थोड़ी देर और मशीन में रहते तो उनकी जान जा सकती थी। वहीं हॉस्पिटल प्रशासन का कहना है कि मरीज की स्कैनिंग 20 मिनट में होनी थी। आखिरी के 3 मिनट बचे थे। उस दौरान टेक्नीशियन जांच का ब्यौरा नोट कर रहे थे। अभी समय पूरा नहीं हुआ था मगर मरीज खुद ही हिलने लगे, जिसके चलते उनका दम घुटने लगा। ऐसे में टेक्नीशियन ने ही उन्हें मशीन से बाहर निकालने में मदद की है। अस्पताल मैनेजमेंट के बयान से नाखुश मरीज ने स्वास्थ विभाग से इसकी शिकायत की है।