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19 साल बाद 13 तारीख को बन रहा है हार्वेस्ट मून, नासा के वैज्ञानिकों ने किया खुलासा

Soma Roy

Publish: Sep 11, 2019 16:29 PM | Updated: Sep 11, 2019 16:29 PM

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  • Harvest Moon : साल 2000 में 13 तारीख को बना था हार्वेस्ट मून
  • शुक्रवार और पितृ पक्ष एक साथ होने से नकारात्मक शक्तियां रहेंगी हावी

नई दिल्ली। यूं तो हिंदू धर्म में 13 तारीख को अशुभ माना जाता है। इस बार श्राद्ध पक्ष की शुरुआत 13 सितंबर से हो रही है। चूंकि पितृ पक्ष के दौरान शुभ कार्य वर्जित रहते हैं। ऐसे में इसी तारीख को फूल मून भी दिखेगा। जिसे हार्वेस्ट मून के नाम से भी जाना जाता है। इस खगोलीय घटना के होने से कई बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।

शारदीय विषुव autumnal equinox में पड़ने वाले फूल मून को हार्वेस्ट मून के नाम से जाना जाता है। इसकी शुरुआत शुक्रवार की रात 11 बजे से होगी, जो कि सुबह 3:50 तक रहेगी। जानकारों के मुताबिक इस बार हार्वेस्ट मून पर एक और संयोग पड़ रहा है वो शुक्रवार को 13 तारीख का होना। ऐसा संयोग इससे पहले साल 2000 में बना था। वहीं ऐसा मेल अब साल 2049 में बनेगा।

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नासा के मुताबिक हार्वेस्ट मून एक प्रतीकात्मक नाम है। क्योंकि जाड़े की शुरुआत के दौरान कई बार किसान रात में चांद की रौशनी में काम करते हैं। ऐसे में फुल मून पड़ने पर उनका काम आसान हो जाता है। नासा के वैज्ञानिकों के मुताबिक इस बार आम लोग हार्वेस्ट मून को आंखों से देख सकते हैं। इसे देखने का मुख्य समय रात 12:33 मिनट होगा।

वहीं हिंदू विद्वानों के अनुसार 13 तारीख को अपशगुन का कारण माना जाता है। मलमास के शुरू होने से ये दिन वैसे भी अशुभ हो जाएंगे। ऐसे में फुल मून के दिखने से ये रात भारी होने वाली है। इस दौरान नकारात्मक शक्तियों का प्रकोप हावी होगा। इससे बचने के लिए हनुमान और काली कवच का पाठ करें।