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टिड्डियों के हमले ने बढ़ाई किसानों की चिंता

Purushotam Jha

Publish: Oct 16, 2019 11:17 AM | Updated: Oct 16, 2019 11:17 AM

Hanumangarh

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हनुमानगढ़/ रावतसर. जिले में कई जगह टिड्डी दल का प्रकोप होने से कृषि विभाग के अफसर हरकत में आ गए। कृषि उप निदेशक दानाराम गोदारा ने मंगलवार को प्रभावित क्षेत्रों में जाकर स्थिति का जायजा लिया।

 

टिड्डियों के हमले ने बढ़ाई किसानों की चिंता
हनुमानगढ़/ रावतसर. जिले में कई जगह टिड्डी दल का प्रकोप होने से कृषि विभाग के अफसर हरकत में आ गए। कृषि उप निदेशक दानाराम गोदारा ने मंगलवार को प्रभावित क्षेत्रों में जाकर स्थिति का जायजा लिया। साथ ही बचाव के उपाय किसानों को बताए। इसके अलावा कंट्रोल रूम की स्थापना कर दी गई है। इसमें हनुमानगढ़ कार्यालय में दूरभाष नंबर ०१५५२-२६०५८४ पर संपर्क किया जा सकता है। इसके अलावा मोबाइल नंबर ९६३६८२४८२७ पर भी संपर्क किया जा सकता है। उप निदेशक दानाराम गोदारा ने बताया कि आवश्यक कीटनाशक की उपलब्धता करवा दी गई है। किसान पचास प्रतिशत अनुदान पर कीटनाशी रसायन खरीद सकते हैं। वहीं टिड्डी दल की निगरानी को लेकर कृषि अधिकारियों की टीमें मुस्तैद कर दी गई है। रावतसर तहसील के कुछ इलाकों में टिड्डी दल के हुए हमले ने अन्नदाताओं की नींद उड़ाकर रख दी है। टिड्डी दल का हमला होने के बाद किसान अपने स्तर पर उन्हें भगा कर अपनी मेहनत की फसल को बचाने की जुगत में लगे हुए हैं। पर उनके प्रयास नाकाफी साबित हो रहे हैं। जानकारी के अनुसार गांव खेदासरी, झेदासर, ढाणी बिजारणिया, चांदेडी छोटी,मायला ढाणी आदि क्षेत्र में सोमवार रात्रि टिड्डी दल का एकाएक आगमन हुआ। ग्रामीणों ने बताया कि टिड्डी दल इतनी अधिक संख्या में आए कि गांव के करीब 6 किलोमीटर के क्षेत्र में टिड्डियों ने फसलों को तबाह करना शुरू कर दिया। चिंतित किसानों ने कीटनाशक का छिडक़ाव किया पर टिड्डी दल पर इसका कोई असर नहीं होता देख किसानों ने अपने ट्रैक्टरों व जीपों के साइलेंसर हटाकर तेज आवाजें करना शुरू की। जिससे टिड्डी दल थोड़ा उडऩा शुरू हुआ। सूचना मिलने पर नोहर विधायक अमित चाचाण रात्रि में ही मौके पर पहुंचे तथा प्रशासनिक अधिकारियों को फोन कर रोकथान को लेकर निर्देश दिए। मंगलवार सुबह कृषि विभाग के अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्र में जाकर बचाव कार्य आरंभ किए। इसके बाद तहसीलदार कस्तूरी लाल व राजस्व कार्मिकों ने मौके पर जाकर स्थिति का निरीक्षण जायजा लिया। किसान सोमवार रात्रि से ही टिड्डी दल के खिलाफ मोर्चा खोले हुए हैं। इससे पहले पल्लू तहसील के कई गांव में भी टिड्डी के प्रकोप से फसलें बर्बाद हो चुकी है। मंगलवार शाम को खेदासरी गांव में टिड्डी दल पुन: आ गया। इससे किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें पुन: आ गई है। ढाणी बिजारणिया निवासी अधिवक्ता संतलाल बिजारणिया ने प्रभावित किसानों को शीघ्र मुआवजा दिए जाने की मांग की है। बिजारणियां ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर खराब हुई फसलों का सर्वे करवाकर रिपोर्ट अति शीघ्र अधिकारियों को प्रेषित करने की मांग की है।
टिड्डी दल ने बोला धावा
पीलीबंगा. क्षेत्र के चक 6 एचएलएम के एक खेत में मंगलवार को टिड्डी दल के डेरा जमा लेने से किसानों में अफरा-तफरी मच गई। प्रभावित किसान की ओर से अन्य किसानों को सूचना देने पर पहुंचे आसपास के किसानों की सतर्कता के चलते टिड्डी दल द्वारा फसलों को नुकसान नहीं पहुंचाया जा सका।
प्राप्त जानकारी के अनुसार मंगलवार प्रात: ही चक 6 एचएलएम के एक खेत में लाखों की संख्या में टिड्डी दल ने धावा बोल दिया। उसी समय किसानों ने ढोल व पीपों को बजाकर टिड्डी दल को अलग अलग क्षेत्रों में बांट दिया। किसान कांग्रेस के प्रदेश महासचिव ओम भादू, भजनलाल सहारण आदि की सूचना पर कृषि विभाग के सहायक निदेशक रणजीत सिंह ने टीम के साथ पहुंचकर प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया। उन्होंने किसानों को बचाव की जानकारी देते हुए बताया कि रात्रि के समय टीडी दल के पेड़ पर बैठने पर पेड़ के नीचे अलसुबह ही कीटनाशक दवाई का छिडक़ाव करें। इसके साथ ही आसपास खड़ी फसलों में हल्के कीटनाशक के छिडक़ाव कर दें। सहायक कृषि निदेशक रणजीत सिंह ने बताया कि मंगलवार को किसानों की सतर्कता के चलते लाखों की संख्या में पहुंचे टिड्डी दल अलग अलग भागों में बिखर गया। उन्होंने बताया कि मंगलवार शाम तक टिड्डी दल के एक दल की गांव मेनावाली के आसपास पहुंचने की सूचना मिल रही थी।(नसं.)