स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

Assam: मैत्री योजना के तहत होगा 346 पुलिस थानों का पुनर्निर्माण

Nitin Bhal

Publish: Jul 20, 2019 22:25 PM | Updated: Jul 20, 2019 22:25 PM

Guwahati

Assam: पहले चरण में पुलिस बल में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारियों के लिए एक हजार गृह होंगे आवंटित: सोनोवाल

गुवाहाटी (राजीव कुमार) . मैत्री योजना के तहत असम सरकार ने राज्य के 346 पुलिस थानों के पुनर्निर्माण का लक्ष्य रखा है। प्रत्येक पुलिस थाने को दो करोड़ रुपए के खर्च से पुनर्निर्माण करने के लिए कदम उठाए गए हैं। इसी के तहत प्रथम चरण में 73 पुलिस थानों के निर्माण का काम शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने शनिवार को मैत्री योजना के तहत निर्मित वशिष्ठ पुलिस थाने के नए भवन का औपचारिक उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री ने आशा जताई कि इस नवनिर्मित भवन की आधुनिक ढांचागत सुविधाएं पुलिस को अधिक जनता की सेवा करने के लिए प्रेरित करेंगी। उन्होंने राज्य के पुलिस बल से आह्वान किया कि जनता के प्रति जिम्मेदारी के साथ अपनी सेवाएं दें। उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान चलाने और कानून व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के लिए पुलिस की भूमिका की प्रशंसा की। फिलहाल असम पुलिस जनता की आस्था बटोरने में सक्षम हुई है। इस सफलता को जारी रखने के लिए निष्ठा के साथ कार्य करने का अनुरोध किया। वशिष्ठ पुलिस थाने के निर्माण में 2 करोड़ 62 लाख खर्च किए गए हैं।

मोदी का सपना दक्ष बने पुलिस

मुख्यमंत्री सोनोवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के पुलिस बल को अधिक दक्ष और कार्यक्षम करने पर जोर देते रहे हैं। समाज में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए एक शक्तिशाली पुलिस बल की जरूरत का उल्लेख करते हैं। मुख्यमंत्री सोनोवाल ने कहा कि असम पुलिस को सभी चुनौतियों से मुकाबला करते हुए निष्ठा व ईमानदारी के साथ कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि गृह योजना के पहले चरण में राज्य सरकार पुलिस बल में कार्यरत अधिकारी कर्मचारियों के लिए एक हजार गृह आवंटित करने की योजना पर काम कर रही है। कार्यक्रम में दिसपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक अतुल बोरा, टिंगखांग के विधायक विमल बोरा, पुलिस महानिदेशक कुलधर सैकिया और गुवाहाटी पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने भी विचार व्यक्त किया। वहीं कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार ऋषिकेश गोस्वामी और गृह विभाग के अतिरिक्त सचिव कुमार संजय कृष्ण मौजूद थे।