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सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट: बिजली कम, पानी मिलेगा शुद्ध हरदम

Satyendra Porwal

Publish: Jan 20, 2020 18:08 PM | Updated: Jan 20, 2020 18:08 PM

Gurgaon

गुरुजल परियोजना: खेंटावास तालाब का जीर्णोद्धार पूर्ण।
15 दिन में सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट होगा शुरू।
लगाए जाएंगे 500 से अधिक पौधे।

 

गुरुग्राम. गुरुजल परियोजना के तहत गुरुग्राम जिला के गांव खेंटावास में तालाब के जीर्णोद्धार का काम पूरा कर लिया गया है। जल्द ही यहां सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने का काम शुरू किया जाएगा, ताकि इस शोधित पानी का इस्तेमाल तालाब के आसपास लगाए जाने वाले पौधों के रखरखाव में किया जा सके। सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट 15 दिन में शुरू होगा ।
परियोजना की प्रोग्राम मैनेजर शुभी ने बताया कि परियोजना के तहत जिला के 305 तालाबों का जीर्णोद्धार किया जाएगा। प्रथम चरण में परियोजना के तहत जिला के 30 तालाबों को सूचीबद्ध किया गया है, जिनके आसपास के क्षेत्र को भी बायोडाइवर्सिटी के रूप में विकसित किया जाएगा।
गन्दा पानी होगा शुद्ध
सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट पूर्ण रूप से बायो ट्रीटमेंट प्लांट होगा, जिसके माध्यम से प्राकृतिक तौर पर पानी फिल्टर होकर एकत्रित होगा। बाद में इस पानी का इस्तेमाल तालाब के आसपास हरियाली बनाए रखने के लिए किया जाएगा। ट्रीटमेंट प्लांट की खास बात यह है कि इस ट्रीटमेंट प्लांट पर अन्य सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट की अपेक्षा केवल 20 प्रतिशत बिजली खपत होगी, जिससे कम बिजली का प्रयोग करके अधिक मात्रा में गंदे पानी को शोधित किया जा सकेगा।
फलदार पौधे भी लगेंगे
तालाब जीर्णोद्धार के बाद सौंदर्यीकरण पर काम किया जाएगा। इसके आसपास के क्षेत्र बायोडायवर्सिटी के रूप में विकसित किया जाएगा। तालाब के आसपास 500 से अधिक फलदार, छायादार व औषधीय पेड़ लगाए जाएंगे, जिसमें नीम, अर्जुन, पीपल, जामुन, आम, अमरूद, अनार व पपीते आदि के पेड़ शामिल हैं।

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