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क्यों इस दीवाली नहीं छोड़ पाएंगे बम और रॉकेट, ये 10 बातें रखेंगे ध्यान तो नहीं होंगे परेशान

Prakash Chand Joshi

Publish: Oct 24, 2019 12:09 PM | Updated: Oct 24, 2019 12:09 PM

Dus Ka Dum

  • दिल्ली पुलिस ने की है ये खास तैयारी

नई दिल्ली: दीवाली का त्यौहार अब बिल्कुल पास आ चुका है। रविवार के दिन पूरा देश बड़ी ही धूमधाम से दीवाली का पर्व मनाएगा। हर तरफ दीयों की रोशनी होगी। लोग नए कपड़े पहनेंगे, मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा करेंगे। साथ ही आपसे में मिठाईयां भी बाटेंगे। लेकिन इस बार जो अलग होगा वो ये कि बच्चे बम और रॉकेट नहीं छोड़ पाएंगे। वो इसलिए क्योंकि सुप्रीम कोर्ट ने हर साल होने वाले प्रदूषण को ध्यान में रखते हुए कड़ा रुख अपनाया है।

- कोर्ट ने रॉकेट और बॉम्ब सरीखे पटाखों को पूरी तरह से बैन कर दिया है। इस साल सिर्फ ग्रीन पटाखों के इस्तेमाल की मंजूरी दी है।

- कोर्ट ने रॉकेट बम और तेज आवाज करने वाले पटाखों पर रोक लगाई है। ग्रीन पटाखों में अनार और फुलझड़ी शामिल हैं।

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- 50 फुलझड़ी और 5 अनार के एक डिब्बे की कीमत 250 रुपये होगी।

 - अनार और फुलझड़ी दो रंग में आएगी। मतलब और बार की तरह कई रंगों में आपको ये नहीं मिलेंगे।

 - सरकार के मुताबिक, सामान्य पटाखों की तुलना में ग्रीन पटाखे 30 फीसदी कम प्रदूषण फैलाते हैं।

 -ग्रीन पटाखों के इस्तेमाल से हम हवा में फैलने वाले सल्फर डाइऑस्साइड को काफी हद तक कम कर सकते हैं।

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- केंद्र सराकर ने इस बार लोगों से केवल ग्रीन पटाखों का इस्तेमाल करने का अनुरोध किया है।

 - दिल्ली पुलिस ने पटाखों विक्रेताओं पर नजर रखने के लिए विशेष टीम बनाई है, जो इन पर नजर रखेगी।

 - दिल्ली पुलिस द्वारा बनाई गई ये टीमें इस बात पर विशेष ध्यान देगी कि विक्रेता सिर्फ ग्रीन पटाखें ही बेचें।

 - साल 2016 में सुप्रीम कोर्ट ने प्रदूषण के स्तर को बढ़ता देख दिल्ली-एनसीआर में पटाखों की बिक्री पर बैन लगाया था। वहीं साल 2017 में कुछ समय के लिए सुप्रीम कोर्ट ने अपने पुरान ऑर्डर को कुछ समय के लिए हटा लिया था।