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जानिए क्यों होता है पूजा में फूल का प्रयोग, क्या है महत्व?

Devendra Kashyap

Publish: Dec 07, 2019 12:58 PM | Updated: Dec 07, 2019 12:58 PM

Dharma Karma

फूल हमारी श्रद्धा और भावना का प्रतीक है।

हिंदू धर्म में पूजा-पाठ को बहुत महत्व दिया जाता है। वहीं पूजा साम्रगी की बात करें तो उसमें फूलों का भी बड़ा महत्व है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, फूलों का प्रयोग पूजा और उपासना के लिए किया जाता है। मान्यता है कि पूजा के दौरान फूलों का प्रयोग करने से ईश्वर की कृपा बहुत जल्द बरसती है।

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कहा जाता है कि फूल हमारी श्रद्धा और भावना का प्रतीक है। इसके अलावा फूल हमारी मानसिक स्थिति के बारे में भी बताते हैं। माना जाता है कि फूलों के अलग-अलग रंग और सुगंध अलग तरह के प्रभाव पैदा करते हैं। कहा जाता है कि पूजा में सही रंग के फूल सही तरीके से अर्पित किया जाए तो सभी तरह के समस्याओं से छुटकारा पाया जा सकता है। ऐसे में ये जानना जरूरी है कि पूजा में फूलों का क्या महत्व होता है...

मान्यता है कि भगवान विष्णु को अगर नियमित रूप से पीले गेंदे के फूलों की माला चढ़ाया जाए तो संतान संबंधी समस्याओं से मुक्ति मिल सकती है।

अगर लक्ष्मी जी को हर दिन गुलाब के फूल अर्पित किये जाए तो आर्थिक स्थिति अच्छी हो सकती है।

मान्यता है कि अगर किसी को गलाब के फूल दिया जाए तो रिश्ते मजबूत होते हैं। इसके साथ ही प्रेम और वैवाहिक जीवन सुखद हो जाता है।

किसी भी एकादशी के दिन भगवान कृष्ण को कमल के दो फूल अर्पित करने से संतान की प्राप्ति होती है।

मान्यता है कि अगर 27 दिन तक, हर दिन कमल का एक फूल माता लक्ष्मी को अर्पित किया जाए तो अखंड राज्य सुख की प्राप्ति होती है।

मान्यता के अनुसार, अगर हर दिन देवी को गुड़हल के फूल अर्पित किया जाए तो शत्रु और विरोधियों से राहत मिलती है। इसके अलावा गुड़हल का फूल डालकर भगवान सूर्य को जल अर्पित करने से नाम यश और मिलता है।

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