स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

Bank check: बैंक चेक बाउंस होते ही मिली यह बड़ी सजा

Baban Rao Pathe

Publish: Jan 22, 2020 12:07 PM | Updated: Jan 22, 2020 12:07 PM

Chhindwara

पुराना छापाखाना निवासी विकास पिता हीरालाल निर्मलकर को 42 वर्षीय महिला ने 17 अक्टूबर 2017 को एक लाख रुपए का चेक दिया।

छिंदवाड़ा. कोतवाली थाना क्षेत्र में रहने वाली एक (42) वर्षीय महिला के खिलाफ चेक बाउंस के मामले में फैसला सुनाया गया। अभिलाषा एन मवार मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट छिंदवाड़ा ने फैसला सुनाते हुए महिला को 18 प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित पूरी रकम लौटने के आदेश दिए हैं। पुराना छापाखाना निवासी विकास पिता हीरालाल निर्मलकर को 42 वर्षीय महिला ने 17 अक्टूबर 2017 को एक लाख रुपए का चेक दिया। बैंक खाते में पर्याप्त राशि नहीं होने के बाद भी महिला ने विकास को चेक दिया। चेक 20 अक्टूबर को बैंक में जमा किया गया तो वह बाउंस हो गया। न्यायालय ने फैसला सुनाया कि 1 लाख रुपए पर 2 वर्ष 2 माह 27 दिन का ब्याज 40 हजार 350 रुपए एवं परिवाद व्यय 5 हजार रुपए देय होगा। कुल 1 लाख 45 हजार 350 रुपए विकास निर्मलकर को अपील अवधि के उपरांत प्रदान करने के आदेश किए हैं।

छिंदवाड़ा. मप्र शासन को राजस्व की पूर्ति में अतिरिक्त क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय छिंदवाड़ा ने बड़ा सहयोग किया है। इस बात का उल्लेख मप्र के परिवहन आयुक्त ने किया है। सराहनीय कार्य एवं राजस्व अर्जित करने पर अतिरिक्त क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सुनील कुमार शुक्ला को मप्र परिवहन आयुक्त वी मधुकुमार ने प्रशंसा पत्र दिया है। उन्होंने इस बात का उल्लेख शुक्ला की सेवा पुस्तिका में भी करने के लिए आदेशित किया है।अतिरिक्त क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सुनील कुमार शुक्ला ने बताया कि उन्होंने कलेक्टर डॉ. श्रीनिवास शर्मा के निर्देश पर मप्र सडक़ परिवहन निगम की परिसपित्तियों में स्क्रैब का विक्रय कर शासन के पक्ष में लगभग 78 लाख रुप का राजस्व अर्जित किया है जो छिंदवाड़ा को मिले राजस्व लक्ष्य की वसूली में भी मददगार साबित होगा। बता दें कि परिवहन विभाग ने जो कबाड़ बेचा है उसका मामला पिछले दस सालों से लम्बित पड़ा हुआ था।

[MORE_ADVERTISE1]