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Tamilnadu: पांचवीं व आठवीं कक्षा के विद्यार्थियों का तीन साल तक नहीं होगा परिणाम प्रकाशित: सोंगोट्टयन

Vishal Kesharwani

Publish: Sep 14, 2019 19:47 PM | Updated: Sep 14, 2019 19:47 PM

Chennai

School education minister kA Sengottaiyan said teachers assess the learning ability of the students,

कक्षा एक से आठ और उसके बाद हाइयर और हाइयर सेकेंड्ररी कक्षाओं को पास करने वाले विद्यार्थी केंद्र द्वारा आयोजित होने वाले प्रतियोगी परीक्षाओं को पास नहीं कर पा रहे है।

पांचवीं व आठवीं कक्षा के
विद्यार्थियों का तीन साल तक नहीं होगा परिणाम प्रकाशित: सोंगोट्टयन
चेन्नई. तमिलनाडु स्कूल शिक्षा मंत्री के.ए. सेंगोट्टयन ने शनिवार को कहा कि राज्य सरकार कक्षा पांच और आठ के विद्यार्थियों का आगामी तीन साल तक परीक्षा परिणाम प्रकाशित नहीं करेगा। एक कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा इस साल गत फरवरी में केंद्र सरकार द्वारा सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त समेत अन्य स्कूलों में ५वीं और ८वीं के लिए बोर्ड परीक्षा कराने की घोषणा की गई थी। जहां तक तमिलनाडु की बात है तो राज्य सरकार आगामी तीन साल तक के लिए विद्यार्थियों को छुट देने वाली है। विद्यार्थी यह बोर्ड परीक्षा लिखेंगे लेकिन पास और फेल होने वाले विद्यार्थियों का परिणाम तीन साल के बाद ही प्रकाशित किया जाएगा। विद्यार्थियों के कौशल में सुधार करने के उद्देश्य से उन्हें समय प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस योजना का विद्यार्थियों के अभिभावकों से अच्छा प्रतिक्रिया मिल रही है। उन्होंने कहा कि वित्तीय वर्ष से २०२२ तक ५वीं और ८वीं कक्षा के विद्यार्थी बोर्ड का परीक्षा तो लिखेंगे लेकिन परिणाम नहीं देख पाएंगे। राज्य सरकार द्वारा शुक्रवार को जारी हुए जीओ के अनुसार तमिलनाडु के पाठ्यक्रम का अनुसरण करने वाले सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और अन्य स्कूलों के विद्यार्थी कक्षाओं के अंत में बोर्ड परीक्षा देंगे। अगर कोई विद्यार्थी परीक्षा में फेल हो जाता है तो 2 महीने के अंदर उन्हें फिर से परीक्षा लिखने की अनुमति दी जाएगी। इसके अलावा अगर पुन: परीक्षा में भी कोई विद्यार्थी फेल हो जाता है तो वह फिर से उसी कक्षा में पढ़ेगा।


शिक्षक विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता देखेंगे
उन्होंने कहा कि कक्षा एक से आठ और उसके बाद हाइयर और हाइयर सेकेंड्ररी कक्षाओं को पास करने वाले विद्यार्थी केंद्र द्वारा आयोजित होने वाले प्रतियोगी परीक्षाओं को पास नहीं कर पा रहे है। इसके परिणाम स्वरूप कक्षा पांच और आठ के विद्यार्थियों के लिए बोर्ड परीक्षा लिया जाएगा। इससे शिक्षकों को विद्यार्थियों के सीखने की क्षमता के बारे में पता चलेगा।