स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

प्रधान ने आरटीआई कार्यकर्ता पर किया हमला, गन प्वाइंट पर अपने खिलाफ आरटीआई वापस लेने का बनाया दबाव

Mohd Rafatuddin Faridi

Publish: Aug 04, 2019 15:24 PM | Updated: Aug 04, 2019 15:24 PM

Basti

आरटीआई कार्यकर्ता की तहरीर पर पुलिस कार्रवाई में जुटी है।

बस्ती . भ्रष्टाचार को उजागर करने वाला हथियार सूचना का अधिकार अब आरटीआई कार्यकर्ताओं पर हमले की वजह बनता जा रहा है। ताजा मामला बस्ती जिले का है, जहां एक प्रधान के भ्रष्टाचार को लेकर जन सूचना मांगने पर आग बबूला हुए प्रधान ने आरटीआई कार्यकर्ता पर हमला कर उसे जमकर पीट दिया। इतना ही नहीं आरटीआई कार्यकर्ता का दावा है कि उसे पिस्टल के बल पर सूचना वापस लेने की धमकी दी और न लेने पर गोली मारने की कोशिश भी की गयी। दरअसल आरटीआई कार्यकर्ता का दावा है कि प्रधान ने गांव की सड़क बनाने के नाम पर लाखों रुपये का घोटाला किया है और इसी घोटाले को सामने लाने के लिये उसने जन सूचना अधिकार का सहारा लिया था।

 

 

मामला बस्ती जिले के कुदरहा ब्लॉक के इजरगढ़ गांव का है। गांव निवासी रामेन्द्र सिंह को इस बात का पूरा यकीन था कि गांव में जो सड़क बनायी गयी है उसमें भ्रष्टाचार और घोटाला किया गया है। वह इसकी सच्चाई जनता के सामने लाना चाहता था। इसके लिये उसने सूचना अधिकार अधिनियम यानि आरटीआई का इस्तेमाल का इस्तेमाल करने का फैसला लिया। आरटीआई के तहत वह कुदरहा ब्लॉक पर सूचना की जानकारी लेने पहुंचा। वह जब ब्लॉक से वापस घर आ रहा था तो उसके मुताबिक रास्ते में घात लगाकर प्रधान अपने गुंडों के साथ बैठा था। रामेन्द्र की हॉकी और लाठी-डंडों से पिटायी की गयी। उसे पिस्टल सटाकर आरटीआई वापस न लेने पर जान से मारन की धमकी भी दी गयी, उसने ऐसा दावा किया है।

 

RTI Activist  <a href=beaten Brutally" src="https://new-img.patrika.com/upload/2019/08/04/vlcsnap-2019-08-04-15h02m10s158_4930427-m.jpg">

 

पुलिस को दी गयी अपनी तहरीर में रमेंद्र सिंह ने दावा किया है कि देवाडांड़ मंदिर के नजदीक उनके भाई राजेश सिंह, राजीव सिंह व विमल सिंह ने उसे मारा-पीट। बस्ती के पुलिस अधीक्षक पंकज कुमार ने बताया है कि रमेन्द्र सिंह की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।

By Satish Srivastava