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Jaipur rural area : मौज-मस्ती के लिए घर से गायब हुए तीनों नाबालिग बच्चे मुम्बई में मिले

Satya Prakash

Publish: Aug 19, 2019 21:14 PM | Updated: Aug 19, 2019 21:14 PM

Bassi

-क्षेत्र में बच्चे उठाकर ले जाने वाले गिरोह के आने की महज अफवाएं

 

शाहपुरा.

जयपुर ग्रामीण समेत आसपास के जिलों में बच्चे उठाकर ले जाने वाले के गिरोह के आने की अफवाहों से लोग दहशत में है।

सोशल मीडिया पर बच्चों को उठाकर ले जाने वाले गिरोह के सक्रिय होने की पोस्ट डाली जा रही है। जबकि अभी तक ऐसा कोई मामला सामने नहीं आया है। पुलिस के मुताबिक भी इस तरह की कोई पुष्टि नहीं हो सकी है।

 

 

शाहपुरा व मनोहरपुर पुलिस थाना इलाके से 17 अगस्त से गायब हुए तीन स्कूली नाबालिग बच्चे सोमवार को मुम्बई में मिल गए है। तीनों किशोर महज मौज-मस्ती करने घर से बिना बताए शिरडी के लिए निकल गए थे। जबकि तीनों बच्चों ने परिजनों को स्कूल जाने की बात कही थी।

 

 

 

 

गायब हुए बच्चों के परिजनों ने थाने में लापता होने के संबंध में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। मुम्बई में मिले तीनों छात्र चक मनोहरपुर निवासी हेमपाल यादव, बिशनगढ़ निवासी पिंटू प्रजापत और शाहपुरा के बिदारा गांव की देवा की ढाणी निवासी विकास यादव है। बिना बताए घर से गायब होने से बच्चों के परिजन मानसिक तनाव में आ गए थे। वहीं क्षेत्र में अपहरण की अफवाएं फैल गई। मुम्बई में बच्चों के मिलने की खबर से परिजनों में खुशी छा गई।

 

 

 

इससे पहले 1 अगस्त को शाहपुरा के बिदारा से भी एक नाबालिग बच्चा घर पर शाहपुरा कस्बे में कोचिंग जाने की बात कहकर घूमने दिल्ली चला गया था। वह भी चार दिन बाद वापस लौट आया था।

 

 

 

मौज मस्ती के लिए घूमने निकले थे बच्चे

 

 


17 अगस्त को घर से बिना बताए गायब हुए तीनों बच्चे मनोहरपुर के एक निजी स्कूल में कक्षा 12वीं में पढ़ते है। तीनों बच्चे मौज मस्ती करने के लिए घूमने तय योजना के तहत घर पर बिना बताए शाहपुरा से दिल्ली चले गए।

जहां से तीनों ने महाराष्ट्र के लिए ट्रेन पकड़ी और शिरडी मंदिर पहुंच गए। वहां से वापस मुम्बई के दादर रेलवे स्टेशन आ गए। जहां से एक बच्चे ने अपने परिजनों को सोमवार सुबह 6 बजे मुम्बई में होने की बात कही।

 

 

 

डिप्टी कमांडेंट यादव की मेहनत से मिले बच्चे


शाहपुरा के बिदारा निवासी मुंबई के जवाहरलाल नेहरू पोर्ट में तैनात सीआईएसएफ में डिप्टी कमांडेंट रमेशचंद्र यादव की मेहनत से तीनों बच्चे मुम्बई में मिल गए। उन्होंने बताया कि सुबह छह बजे गायब हुए विकास ने एक रिक्शे चालक से मोबाइल लेकर परिजनों को फोन पर मुम्बई में होने की बात कही।

 

परिजनों ने तत्काल उससे संपर्क किया। जहां से वह अपने साथियों के साथ मोबाइल नम्बर ट्रेस कर मुम्बई में दादर रेलवे स्टेशन पर पहुंचा, लेकिन बच्चे वहां पर नहीं मिले। रेल्वे पुलिस के सहयोग से सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो बच्चे ट्रेन से सीएएसटी की तरफ जाते नजर आए। इसके बाद उन्होंने स्टेट पुलिस को सूचित किया।

 

रेलवे पुलिस के सहयोग से बच्चे मुम्बई के बोरीवेली रेल्वे स्टेशन पर मिल गए। रेलवे पुलिस ने तीनों बच्चों को दस्तयाब की कार्रवाई कर डिप्टी कमांडेंट को सौंपा।