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हजारीबाग गैंगवार मामले में बिहार पहुंची पुलिस, शूटरों की तलाश जारी

Shribabu Gupta

Publish: Jun 04, 2017 20:10 PM | Updated: Jun 04, 2017 20:10 PM

Aurangabad

यह पूरी जांच जिला परिषद अध्यक्षा सुशीला देवी के पति लखन साव पर फायरिंग करने वाले अपराधियों के धर-पकड़ के लिए की जा रही है...

औरंगाबाद/हजारीबाग। हजारीबाग गैंगवार को लेकर झारखंड पुलिस ने गहन जांच शुरू कर दी है। इसी के तहत झारखंड पुलिस ने बिहार में जाकर शूटरों की खोजबीन भी शुरु कर दी है। यह पूरी जांच जिला परिषद अध्यक्षा सुशीला देवी के पति लखन साव पर फायरिंग करने वाले अपराधियों के धर-पकड़ के लिए की जा रही है।

जानकारी के अनुसार मामले में पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है। शुक्रवार देर शाम रामगढ़, हजारीबाग के विभिन्न क्षेत्रों से संदेह के आधार पर 6 युवकों को गिरफ्तार कर पुलिस उनसे लगातार पूछताछ कर रही है।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक पुलिस के वरीय अधिकारी की टीम लखन साव पर दनादन गोली बरसाने वाले शूटरों की खोज में बिहार गई है। कहा यह भी जा रहा है कि पुलिस सबसे पहले बिहार के लक्खीसराय पहुंची और वहां से आसपास के क्षेत्रों में खोजबीन शुरू कर दी है। हालांकि अभी इस मामले में कोई विशेष सफलता पुलिस को नहीं मिली है।

पुलिस के मुताबिक पकड़े गए युवक पांडे गिरोह और श्रीवास्तव गिरोह से संबंध रखते हैं। इनका तार बिहार से भी जुड़ा है। हालांकि श्रीवास्तव गिरोह ने इस घटना में अपना हाथ होने से इंकार किया है। श्रीवास्तव गिरोह के लोगों ने कुछ मीडिया के लोगों को फोन कर यह बात बताया है कि लखन साव पर हमला करने के मामले में हमारे लोगों का कोई हाथ नहीं है।

हालांकि पांडे गिरोह के लोगों ने अभी तक इस मामले में अपना बयान नहीं दिया है। पुलिस यह मानकर चल रही है कि लखन साव इन दोनों गिरोह के निशाने पर थे। कहीं दोनों गिरोह मिलकर लखन साव की हत्या करने के लिए आपस में हाथ तो नहीं मिला लिया है। अभी इस मामले में पुलिस कुछ भी कहने से परहेज कर रही है।

हालांकि एसपी ने घटना के दिन बताया था कि लखन साव गोली चलाने वाले पांडेय गिरोह व श्रीवास्तव गिरोह के लोग है, लेकिन अभी तक स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। सूत्रों के मुताबिक पकड़े गए लोगों से दो अलग-अलग ठिकानों पर पूछताछ की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस मामले की जांच को आगे बढ़ा रही है। अभी तक जो बात सामने आई है, उसके मुताबिक सूटर बिहार के रहने वाले बताए जा रहे है।

अपराधियों द्वारा घटना में इस्तेमाल किए गए बोलेरो में भी 2 हथियार होने की बात कही जा रही है। बता दें कि 31 मई को लखन साव और उनके चालक पर सूटरो ने ताबड़तोड़ फायरिंग की थी, जिससे लखन साव गंभीर रूप से घायल हो गए थे। बहरहाल लखन साव रांची के मेडिका अस्पताल में जीवन और मौत से जूझ रहे है।