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Big breaking: बड़ी मां के घर जा रही युवती को 2 युवकों ने गलत नीयत से पकड़ा, विरोध पर पहाड़ से 100 फिट नीचे खाई में फेंका, 3 दिन तक...

Ram Prawesh Wishwakarma

Publish: Nov 04, 2019 21:35 PM | Updated: Nov 04, 2019 21:35 PM

Ambikapur

Big breaking: पेड़ व झाडिय़ों के बीच फंसते हुए गिरी खाई में, चोट लगने से हो गई बेहोश, 3 दिन तक चिखी-चिल्लाई लेकिन किसी ने नहीं सुनी आवाज, फिर चौथे दिन...

अंबिकापुर. जाको राखे साइयां, मार सके न कोय, यह कहावत एक युवती के साथ चरितार्थ हुई। बतौली थाना क्षेत्र के ग्राम बागपानी जंगल में 31 अक्टूबर की शाम बड़ी मां के घर जा रही युवती का 2 युवकों ने रास्ता रोक लिया। दोनों युवती को जबरन पकड़कर (Girl molesting) ले जाने लगे।

उनके गलत मंसूबे समझ युवती ने शोर मचाना शुरू कर दिया, इस पर आरोपियों ने उसे पहाड़ से नीचे 100 फीट गहरी खाई में धक्का (Girl threw in ditch) दे दिया। खाई में गिरने से युवती को काफी चोटें आईं और वह बेहोश हो गई। होश आने पर उसने मदद के लिए काफी आवाज लगाई, लेकिन सुनसान इलाका व खाई होने की वजह से उसे कोई मदद नहीं मिल सकी, वह तीन दिन तक घायलावस्था में वहीं पड़ी रही। (Big breaking)

फिर रविवार को जंगल गए एक ग्रामीण को युवती की आवाज सुनाई दी, तब उसने परिजन को जानकारी दी, फिर परिजन उसे घर लाए और सोमवार को अस्पताल लेकर पहुंचे। युवती की शिकायत पर बतौली पुलिस ने आरोपियों पर अपराध दर्ज कर लिया है। (Chhattisgarh crime)

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सरगुजा जिले के बतौली थानांतर्गत ग्राम कदनई पटेलपारा निवासी 21 वर्षीय युवती 31 अक्टूबर की शाम घर से अपनी बड़ी मां के घर सेदम लोटा जाने निकली थी। रास्ते में बागपानी जंगल के पहाड़ पर ग्राम बागपानी निवासी दिलीप यादव व उसका एक साथी ने उसका रास्ता रोक लिया।

दिलीप यादव पूर्व में छात्रा के साथ पढ़ चुका था, इसलिए उसे जानता था। दोनों आरोपी उसे जबरन पकड़कर जंगल ले जाने लगे, इस पर युवती शोर मचाने लगी। इससे आवेश में आकर आरोपियों ने उसे जान से मारने की नीयत से पहाड़ से नीचे 100 फीट खाई में धक्का दे दिया। लेकिन उसकी जान बच गई, उसे गंभीर चोटें आईं और वह बेहोश हो गई।

जब होश आया तो रात हो चुकी थी। युवती 3 दिन तक मदद के लिए आवाज लगाती रही लेकिन सुनसान इलाका व खाई होने की वजह से मदद नहीं मिल सकी। इसी बीच रविवार को बागपानी जंगल में भैंस चराने गए ग्रामीण शंभू यादव को युवती की आवाज सुनाई दी तो वह मौके पर पहुंचा।

फिर युवती से जानकारी लेने के बाद उसने परिजन को घटना के बारे में बताया। इसके बाद परिजन उसे खाई से निकालकर घर लाए। फिर सोमवार को शांतिपारा अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां उसका इलाज जारी है। मामले में पीडि़ता की रिपोर्ट पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धारा 354, 307 व एसटीएससी एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर उनकी खोजबीन शुरू कर दी है।


पीडि़ता को एंबुलेंस तक झेलगी से लाए
सोमवार को परिजन ने पीडि़ता को अस्पताल ले जाने संजीवनी 108 को बुलाया। लेकिन गांव तक जाने का रास्ता नहीं होने की वजह से एंबुलेंस ग्राम करदना में खड़ी हो गई। फिर परिजन पीडि़ता को झेलगी में बैठाकर घुनघुट्टा नदी को पार करते हुए एंबुलेंस तक पहुंचे। यहां से एंबुलेंस से पीडि़ता को शांतिपारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाकर भर्ती कराया गया।

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