स्लो इंटरनेट स्पीड होने पर आपको पत्रिका लाइट में शिफ्ट कर दिया गया है ।
नॉर्मल साइट पर जाने के लिए क्लिक करें ।

भिवाड़ी को एसपी मिला, अब प्रशासनिक अधिकारी की दरकार

Prem Pathak

Publish: Aug 19, 2019 06:00 AM | Updated: Aug 18, 2019 23:40 PM

Alwar

राज्य सरकार ने alwar bhiwadi latest news अलवर जिले को संवेदनशील मान भिवाड़ी को नया पुलिस जिला घोषित कर पुलिस अधीक्षक की तैनाती कर दी है, लेकिन वहां प्रशासनिक अमले के नाम पर तहसीलदार स्तर के अधिकारी का भी पद नहीं है।

अलवर. राज्य सरकार ने alwar bhiwadi latest news अलवर जिले को संवेदनशील मान भिवाड़ी को नया पुलिस जिला घोषित कर पुलिस अधीक्षक की तैनाती कर दी है, लेकिन वहां प्रशासनिक अमले के नाम पर तहसीलदार स्तर के अधिकारी का भी पद नहीं है। ऐसे में अपराध पर नियंत्रण के एसपी से समन्वय को वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी की दरकार है। संभावना है कि सरकार जल्द ही अतिरिक्त जिला कलक्टर स्तर के अधिकारी की भिवाड़ी में नियुक्ति कर सकती है। यदि ऐसा हुआ तो भिवाड़ी के नए जिला बनने की राह भी आसान हो जाएगी।
अपराधों में एकाएक वृद्धि ने अलवर जिले को संवेदनशील जिला बना दिया। यही कारण है कि राज्य सरकार ने अलवर जिले में बढ़ते अपराधों पर नियंत्रण के लिए दो पुलिस अधीक्षक बिठाने के आदेश दिए हैं। इनमें एक पुलिस अधीक्षक भिवाड़ी में बैठेगा और बहरोड़, नीमराणा सहित किशनगढ़बास तक अपराधों पर नियंत्रण करेगा। भिवाड़ी को नया पुलिस अधीक्षक तो मिल गया, लेकिन वहां अभी प्रशासनिक अमला नगण्य है। जबकि पुलिस तंत्र से समन्वयक के लिए वहां वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी का होना जरूरी है। भिवाड़ी, नीमराणा, बहरोड़, शाहजहांपुर आदि क्षेत्रों में कई हजार उद्योग हैं, इनमें विदेशी जोन भी शामिल है। यहां हजारों की संख्या में विभिन्न प्रदेश के लोग उद्योगों में कार्यरत है।

एडीएम की जरूरत

alwar bhiwadi letest news भिवाड़ी में एडीएम स्तर का पद सृजित करने की मांग लंबे समय से उठती रही है। पुलिस का नया जिला बनने के बाद इसकी जरूरत और बढ़ गई है। जबकि अलवर जिला मुख्यालय पर अतिरिक्त जिला कलक्टर स्तर के तीन पद हैं। इनमें से एक अतिरिक्त जिला कलक्टर पद भिवाड़ी स्थानांतरित किए जाने की संभावना है।

नए जिले की दौड़ में भिवाड़ी आगे

भौगोलिक एवं जनसंख्या की दृष्टि से अलवर जिला प्रदेश के बड़े जिलों में शुमार है, यही कारण है कि अलवर में एक और जिला बनाने की मांग लंबे समय से उठती रही है। पुलिस अधीक्षक की तैनाती के बाद नए जिले की दौड़ में भिवाड़ी बहरोड़ से आगे दिखने लगा है।